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दिल्ली लक्ष्मी योजना पर आप का भाजपा पर हमला, 10 साल की निवास शर्त को बताया 'पूर्वांचलियों के साथ भेदभाव'
भाजपा चुनाव के समय सभी लोगों से वोट मांगती है, लेकिन जब महिलाओं को वादा किए गए 2,500 रुपये का लाभ देने की बात आती है, तो उनसे 10 साल के निवास का प्रमाण मांगा जाता है।
नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (आप) ने दिल्ली लक्ष्मी योजना की पात्रता शर्तों और आवेदन प्रक्रिया को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार की आलोचना की है। पार्टी का आरोप है कि योजना में 10 वर्ष के दिल्ली निवास की शर्त लगाकर पूर्वांचल की महिलाओं को लाभ से वंचित करने की कोशिश की जा रही है।
एक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, आप की दिल्ली इकाई के अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने कहा कि रेखा गुप्ता सरकार ने योजना के तहत 10 साल की निवास अवधि अनिवार्य कर दी है। साथ ही उन्होंने आवेदन के लिए सांसद और विधायक के सिफारिश-पत्र की आवश्यकता पर भी सवाल उठाए।
'वोट सभी से चाहिए, लेकिन लाभ के लिए 10 साल का प्रमाणपत्र'
सौरभ भारद्वाज ने कहा कि भाजपा चुनाव के समय सभी लोगों से वोट मांगती है, लेकिन जब महिलाओं को वादा किए गए 2,500 रुपये का लाभ देने की बात आती है, तो उनसे 10 साल के निवास का प्रमाण मांगा जाता है।
उन्होंने आरोप लगाया कि 10 साल की निवास शर्त और पिंक कार्ड योजना, दोनों ही पूर्वांचल के लोगों और महिलाओं के प्रति भाजपा के भेदभावपूर्ण रवैये को दर्शाती हैं।
अन्य योजनाओं में MP-MLA की सिफारिश नहीं लगती
प्रेस कॉन्फ्रेंस में सौरभ भारद्वाज ने कहा, "यदि कोई व्यक्ति विधवा पेंशन, वृद्धावस्था पेंशन, दिव्यांग पेंशन या किसी अन्य सरकारी कल्याणकारी योजना का लाभ लेना चाहता है, तो उसमें किसी विधायक या सांसद के हस्ताक्षर की आवश्यकता नहीं होती। आवेदन स्वयं सत्यापित (सेल्फ-अटेस्टेड) होता है। फिर दिल्ली लक्ष्मी योजना में महिलाओं को सांसद या विधायक के घर क्यों भेजा जा रहा है?"
उन्होंने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से पूछा कि इस प्रक्रिया का उद्देश्य क्या है और महिलाओं को लाभ पाने के लिए जनप्रतिनिधियों के चक्कर लगाने की आवश्यकता क्यों बनाई गई है।
मंत्री बाहर से आ सकते हैं, लेकिन महिलाओं पर 10 साल की शर्त क्यों?
योजना की पात्रता पर सवाल उठाते हुए भारद्वाज ने कहा, "रेखा गुप्ता स्वयं हरियाणा से हैं और दिल्ली की मुख्यमंत्री बनीं। एक मंत्री बिहार से हैं और अन्य मंत्री भी अलग-अलग राज्यों से आकर दिल्ली में मंत्री बने हैं। लेकिन दिल्ली लक्ष्मी योजना का लाभ केवल उसी महिला को मिलेगा, जो पिछले 10 वर्षों से दिल्ली में रह रही हो। यह नियम पहले कभी नहीं था।"
भाजपा सभी से वोट लेती है, लेकिन लाभ नहीं देना चाहती
उन्होंने कहा कि भाजपा ने चुनाव के दौरान कभी यह नहीं कहा कि केवल 10 साल से दिल्ली में रहने वाले लोग ही उन्हें वोट दें। "जब वोट सभी से लिए जाते हैं, तो दिल्ली लक्ष्मी योजना में 10 साल की निवास शर्त क्यों लगाई गई? यह पूर्वांचल के लोगों और गरीबों के प्रति भाजपा की सोच को दर्शाता है।"
पिंक कार्ड पर भी उठाए सवाल
आप नेता ने सरकार की पिंक कार्ड पहल की भी आलोचना की। उन्होंने कहा, "बस में यात्रा करने वाली महिलाओं की पहचान के लिए अलग पिंक कार्ड की कोई आवश्यकता नहीं है। यह व्यवस्था केवल हरियाणा, राजस्थान, उत्तर प्रदेश और बिहार से दिल्ली-एनसीआर में काम करने आने वाली महिलाओं को उनके अधिकारों से वंचित करने के लिए बनाई गई है।"
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उन्होंने आरोप लगाया कि जिन महिलाओं के वोट सरकार को चाहिए, उन्हें योजनाओं का लाभ देने के समय विभिन्न शर्तों के आधार पर बाहर किया जा रहा है।
Written By: Pradeep Singh
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