Nepal Home Minister Resign: नेपाल की राजनीति में इन दिनों हलचल मची हुई है। जिसने पारदर्शिता और नैतिकता पर एक नई बहस छेड़ दी है। आपको बता दें, गृहमंत्री सुधन गुरुंग ने पद संभालने के महज 26 दिनों के भीतर ही इस्तीफा दे दिया है। जो अपने आप में ही बड़ा फैसला है। बताया जा रहा कि उनके खिलाफ वित्तीय संपत्तियों और संदिग्ध निवेश को लेकर सवाल उठाया जा रहा था। अब निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने और सार्वजनिक जीवन में नैतिक मूल्यों को बनाए रखने के उन्होंने अपने पद से इस्तीफा देने का फैसला किया। इससे नेपाल की राजनीति में जवाबदेही और पारदर्शिता के महत्व को एक बार फिर उजागर किया है।
'जनता की आलोचना को गंभीरता से लिया'
गृहमंत्री सुदन गुरुंग ने बताया, 'मैं, सुदन गुरुंग 26 मार्च, 2026 से गृहमंत्री के रूप में अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से निर्वहन कर रहा हूं। मैंने अपने शेयरों और उनसे जुड़े मामलों के बारे में नागरिकों की ओर से उठाए गए सवालों को गंभीरता से लिया। जिसके लिए अपने पद से इस्तीफा दे दिया है।
नैतिकता पद से ज्यादा अहम: सुदन गुरुंग
आगे गृहमंत्री ने कहा कि पद संभालने से पहले जनता का भरोसा सर्वोपरि होना चाहिए। और मेरे लिए नैतिकता किसी भी पद से ज्यादा अहम है। क्योंकि पब्लिक के विश्वास से बढ़कर कोई ताकत नहीं है। आज का Gen Z आंदोलन, जो सुशासन, पारदर्शिता और जवाबदेही की डिमांड करता है, यही मैसेज देता है।
कुछ दिन पहले ही मंत्री दीपक कुमार साह
गौरतलब है कि इनसे पहले, बीते 9 अप्रैल को नेपाली PM बालेन शाह ने अपने पार्टी की सिफारिश पर अनुशासनहीनता के आरोप में श्रम, रोजगार और सामाजिक सुरक्षा मंत्री दीपक कुमार साह को पद से हटा दिया था। जिसपर प्रधानमंत्री सचिवालय की ओर से कहा गया कि दीपक को पार्टी की तरफ से आचार संहिता और अनुशासन का उल्लंघन करने के आरोप में हटाया गया है।
Written By: Geeta Sharma