Rajasthan News: राजस्थान के सीएम भजनलाल शर्मा ने सीकर में जनसभा को संबोधित करते हुए जल संकट के मुद्दे को उठाया और केंद्र सरकार का ध्यान खींचने का प्रयास किया है। सीएम ने अपने बयान में कहा कि अगर शेखावटी में अगर पानी पहुंच जाए तो किसान धरती से सोना उगा सकते हैं। सीएम ने कहा कि उनकी सरकार ने सत्ता संभालने के बाद पानी, बिजली, रोजगार और उद्योग को प्राथमिकता दी है।
कांग्रेस नेता के बयान का दिया जवाब
जनसभा में संबोधित करते समय सीएम ने कहा, राजस्थान में जल संकट की समस्या सभी समस्याओं में अहम है। इस समस्या का समाधान करने के लिए राजस्थान सरकार अपने प्रयासों पर प्रकाश डालने की कोशिश कर रही है। दरअसल सीएम भजनलाल शर्मा का यह बयान कांग्रेस नेता के दिए बयान के बाद आया है।
कांग्रेस नेता ने कहा था कि आलू को सोने में बदला जा सकता है। मुझे नहीं पता कि उनकी फैक्ट्रियां सही में आलू को सोने में बदल सकती है या नहीं। सीएम भजनलाल कांग्रेस नेता के इसी बयान का जवाब देते हुए कहा कि, अगर राजस्थान के शेखावटी को पानी मिल जाता है, तो मेरे सामने बैठे किसान सचमुच इस धरती से सोना उगा सकते हैं।
जल संकट हमारा पहला लक्ष्य
सीएम भजनलाल शर्मा ने राजस्थान में जल सकंट का समाधान करना अपनी पहली प्राथमिकता माना है। उन्होंने यह भी कहा कि ढाई साल पहले सत्ता संभालते समय राजस्थान में पानी, बिजली, रोजगार और उद्योग पर काम करना उनके कार्यकाल का हिस्सा है। राजस्थान में 41,000 करोड़ रूपये विकास कार्यों की शुरुआत के लिए खर्च किए जा चुके हैं। राजस्थान में पानी पहुंचना हमारा पहला लक्ष्य यही था।
सीएम ने कहा कि 2 महीने बाद फरवरी में हमने यमुना को लेकर एक समझौता किया था। यमुना समझौता अंतिम रूप दिया गया था। जल परियोजना के अंतर्गत 29 जून 2026 को हरियाणा के साथ हस्ताक्षरित समजौता के बाद धनवती कृत्रिम जलाशय के निर्माण के लिए 1,622,31 करोड़ रूपये की प्रशासनिक और वित्तीय मंजूरी जारी की गई है। इस परियोजना के लिए निविदा प्रक्रिया वर्तमान में चल रही है।
कई परियोजनाओं को किया जाएगा शामिल
सीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे परियोजनाओं की नियमित रूप से निगरानी करें और यह सुनिश्चित करें कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता और पारदर्शिता से कोई समझौता न हो। समीक्षा बैठक में राम जल सेतु लिंक परियोजना, किशाऊ बहुउपद्देशीय परियजोना, नर्मदा से अतिरिक्त मानसूनी जल का उपयोग, परवान परियोजना, धौलपुर लिफ्ट परियोजना, माही परियोजना और इंदिरा गांधी नहर क्षेत्र में जल भंडारण कार्यों को भी शामिल किया गया है। इससे पहले भी फतेहपुर में आयोजित एक समारोह में सीकर, चूरू और झुंझुनू जिलों में 127707 करोड़ रूपये की 83 विकास परियोजनाओं का उद्धाटन कर आधार शिला रखी।
राजस्थान में पानी की समस्या बड़ी
सभा संबोधित करते हुए शेखावटी को नायकों, विद्वानों और आत्मसम्मान से भरपूर लोगों की भूमि बताते हुए इसे आतिथ्य सत्कार विशेष बताया। यमुना जल समझौते को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधते हुए सीएम भजन लाल ने कहा कि हरियाणा में कांग्रेस ने यमुना समझौते को रद्द करने की बात कही थी।
क्योंकि राजस्थान में पानी की समस्या सबसे बड़ी है। इसलिए हमने यमुना समझौते को अंतिम रूप दिया जो दशकों से रूका हुआ था। हमने एक खाका तैयार करा है। सीकर, चूरू और झुंझुनू जिलों में इसकी कुल लागत 1,2777,07 करोड़ रूपये है।
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