Akhilesh Yadav on UP Cabinet Expansion: 10 मई रविवार को यूपी में योगी कैबिनेट का विस्तार हुआ। इसमें 6 नए मंत्रियों को जगह मिली है। इसके साथ ही 2 मंत्रियों का प्रमोशन किया गया। इस पर सपा प्रमुख अखिलेश यादव की पहला रिएक्शन सामने आया है। उन्होंने सोशल मीडिया पोस्ट शेयर किया। पोस्ट में लिखा, समय बिताने के लिए करना है कुछ काम!आगे अखिलेश यादव ने कहा कि वैसे भी मंत्रिमंडल के विस्तार में तो इनका कोई काम नहीं है। क्योंकि उधर से पर्ची आई,यहां तो सिर्फ पढ़ी जाएगी।

अखिलेश यादव ने क्या कहा?

अखिलेश यादव ने हाल ही में भाजपा पर तीखा राजनीतिक हमला बोलते हुए कहा कि जनता अब नेताओं से जवाब मांग रही है। उन्होंने कहा कि लोग पूछ रहे हैं कि फिल्म सबसे आगे बैठकर देखेंगे या पीछे बैठकर? साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि फिल्म को ध्यान से देखना चाहिए,क्योंकि उससे कर्मफल-कंसफल का सिद्धांत समझ में आ सकता है और शायद कुछ सकारात्मक बदलाव भी देखने को मिले।

'लालच और लोभ बुरा होता है'

अखिलेश यादव ने आगे कहा कि किसी व्यक्ति से ज्यादा उसका लालच और लोभ बुरा होता है, जो धीरे-धीरे उसके आचरण को खराब कर देता है। उन्होंने कहा कि जब इंसान स्वार्थ छोड़कर परमार्थ के रास्ते पर चलता है, तब समाज में सकारात्मक परिवर्तन संभव होता है। उनके अनुसार, अच्छाई की कुछ किरणें इंसान के भीतर मौजूद अनेक बुराइयों पर जीत हासिल कर सकती हैं। उन्होंने महाकाव्यों का उदाहरण देते हुए कहा कि आत्मचिंतन और प्रायश्चित के लिए किसी विशेष स्थान की जरूरत नहीं होती, बल्कि भीतर जागरूकता और प्रकाश होना चाहिए।

2027 विधानसभा चुनावों से पहले योगी कैबिनेट का विस्तार

इसी बीच, योगी आदित्यनाथ सरकार ने 2027 विधानसभा चुनावों से पहले अपने मंत्रिमंडल का विस्तार किया। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने जन भवन में आयोजित समारोह में छह नए मंत्रियों को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। इस विस्तार को राजनीतिक और सामाजिक संतुलन साधने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है।

सपा छोड़ बीजेपी में आए मनोज पांडे

नए मंत्रियों में पूर्व बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह चौधरी,समाजवादी पार्टी छोड़कर बीजेपी में आए मनोज पांडे, सुरेंद्र दिलेर,कृष्णा पासवान, हंसराज विश्वकर्मा और कैलाश राजपूत शामिल हैं। इसके अलावा दो राज्यमंत्रियों को भी पदोन्नति दी गई है। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, यह विस्तार आगामी चुनावों को ध्यान में रखकर सामाजिक समीकरण मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

Written By: Geeta Sharma