Uttar Pradesh News: उत्तर प्रदेश के मेरठ में किसान नेता डॉ. दिग्विजय भाटी और दलित नेता मोहित जाटव से हुई मारपीट मामले में नए SSP बीबीटीजीएस मूर्ति ने अपने ही विभाग में तैनात पुलिसकर्मियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। नए एसएसपी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सिविल लाइंस थाने में तैनात इंस्पेक्टर समेत 8 पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया है।

इन पुलिसकर्मियों के हुए तबादले

इस पूरे मामले में एसपी सिटी विनायक गोपाल भौंसले ने जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस के आला अधिकारियों व कर्मचारियों पर एक व्यक्ति के साथ मारपीट का मामला सामने आया। मामले में जांच के दौरान किसी तरह का राजनीतिक दबाव न पड़े साथ ही पूरी प्रक्रिया निष्पक्ष तरीके से संपन्न करने की बात कही। जांच की जद में आए विभाग के पुलिसकर्मियों को उनके वर्तमान तैनाती स्थल से हटाकर पुलिस लाइन भेजा नगया है। लाइन हाजिर किए गए पुलिसकर्मियों में निरीक्षक अखिलेश कुमार गौड़, कांस्टेबल मुकेश कुमार, थाना प्रभारी सिविल लाइंस, उपनिरीक्षक मुलायम सिंह, हेड कांस्टेबल हरि ओम, हेड कांस्टेबल श्याम बाबू, कांस्टेबल सुमित कुमार, महिला कांस्टेबल नीलम लौर और चालक ललित कुमार शामिल हैं।

SOG कार्यालय में भी बर्बरता से पीटा गया

किसान नेता डॉ. दिग्विजय भाटी और दलित नेता मोहित जाटव बुधवार को पूर्व एसएसपी अविनाश पांडेय के कार्यालय गए थे। अविनाश पांडेय अपने कार्यालय में उपस्थित नहीं थे। दिग्विजय भाटी और नेता मोहित जाटव वहीं उनका इंतजार करते रहे। अविनाश पांडेय कार्यालय पहुंचे जहां उन्होंने सिपाही को अंदर बुलाया। दिग्विजय भाटी और नेता मोहित जाटव की माने तो निजी चैंबर में करीब डेढ. घंटे तक उनके साथ मारपीट की गई। मारपीट के बाद उन्हें एसओजी कार्यालय लेकर गए जहां SOG कार्यालय में बर्बरता से पीटा गया। किसान नेता नेता दिग्विजय भाटी ने इंस्पेक्टर अखिलेश गौड़ पर पैर बांधकर लाठी-डंडों से पीटा गया। उन्हें अर्धनग्न कर मुजरा करने की बात भी कही गई। इस पूरे मामले पर पुलिस तरफ से अभी तक कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

दिग्विजय सिंह के गंभीर चोट की तस्वीर हुई थी वायरल

मामला उस समय सुर्खियों में छा गया जब दिग्विजय सिंह की तस्वीर सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गई। इसमें दिग्विजय सिंह की आंख के पर चोट के निशान व सूजन भी देखी गई। मामला अब सियासी तूल भी पकड़ चूका है। इसमें विधायक ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर दोनों किसान नेताओं को थर्ड डिग्री टॉर्चर देने का आरोप लगाया। इस मामले में सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भाजपा का घेराव करते हुए किसान नेताओं को थर्ड डिग्री टॉर्चर देने के मामले में दोषियों पर कार्रवाई करने की बात कही।

मेरठ एसएसपी अविनाश पांडेय का हो गया तबादला

मेरठ के पूर्व एसएसपी अविनाश पांडेय इस समय उत्तर प्रदेश पुलिस विभाग में तैनात वो आईपीएस बन चुके हैं। जिनकी छवि नकारात्मक बन चुकी है। बीते माह पुलिस वैन में एक अधिवक्ता को थप्पड मारकर वह सुर्खियां बटौर चुके हैं। उसे लेकर भी सोशल मीडिया से लेकर सड़कों पर काफी विवाद देखा गया। वह विवाद अभी शांत भी नहीं हुआ था कि अब किसान नेताओं दिग्विजय सिंह और मोहित से की गई मारपीट के मामले में उनका नाम शामिल होने की बात ने तूल पकड़ लिया है। बुधवार को यह मामला सामने आया और गुरुवार की देर रात एसएसपी अविनाश पांडेय का तबादला कर लखनऊ अटैच कर दिया गया। ज्यादातर लोग उनके तबादले के पीछे की वजह को इसी मामले से जोड़कर देख रहे हैं।

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