समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव तथा पार्टी के सांसदों की अलोकतांत्रिक गिरफ्तारी के विरोध में समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने राजधानी दिल्ली के छत्रसाल स्टेडियम के बाहर व्यापक विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने इसे लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला बताते हुए केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और गिरफ्तार नेताओं की तत्काल रिहाई की मांग उठाई।

लोहे की बेड़ियों में दिखा सपा का सरकार विरोधी संदेश

प्रदर्शन के दौरान समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता यश भारतीय ने अलग अंदाज में विरोध दर्ज कराया। उन्होंने अपने हाथों में लोहे की हथकड़ियां और पैरों में बेड़ियां पहनकर प्रदर्शन किया। उनका कहना था कि यह प्रतीकात्मक विरोध देश में लोकतांत्रिक संस्थाओं पर बढ़ते दबाव, विपक्ष की आवाज को दबाने की कोशिश और कथित तानाशाही प्रवृत्ति के खिलाफ है। उनके इस प्रदर्शन ने मौके पर मौजूद कार्यकर्ताओं और लोगों का विशेष ध्यान आकर्षित किया।

विपक्ष की आवाज दबाने का लगाया आरोप

सपा नेताओं का आरोप है कि केंद्र सरकार राजनीतिक विरोधियों को निशाना बनाने के लिए सरकारी एजेंसियों और प्रशासनिक तंत्र का इस्तेमाल कर रही है। उनका कहना है कि विपक्षी नेताओं की गिरफ्तारी लोकतांत्रिक व्यवस्था की भावना के अनुरूप नहीं है और इससे संविधान में निहित अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता तथा राजनीतिक अधिकारों पर सवाल खड़े होते हैं।

रिहाई की मांग को लेकर गूंजे सरकार विरोधी नारे

छत्रसाल स्टेडियम के बाहर बड़ी संख्या में एकत्र हुए समाजवादी पार्टी के समर्थकों ने सरकार के खिलाफ जोरदार नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि अखिलेश यादव और पार्टी के अन्य सांसदों को बिना किसी देरी के रिहा किया जाए तथा विपक्ष के प्रति अपनाए जा रहे कथित दमनात्मक रवैये पर रोक लगाई जाए। प्रदर्शन पूरे समय शांतिपूर्ण ढंग से जारी रहा, हालांकि कार्यकर्ताओं में सरकार की नीतियों को लेकर स्पष्ट नाराजगी दिखाई दी।

लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा का संकल्प

सभा को संबोधित करते हुए पार्टी नेताओं ने कहा कि समाजवादी पार्टी लोकतांत्रिक मूल्यों और संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए लगातार संघर्ष करती रहेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि राजनीतिक मतभेदों को दबाव या कार्रवाई के माध्यम से समाप्त नहीं किया जा सकता और लोकतंत्र में विपक्ष की भूमिका उतनी ही महत्वपूर्ण है जितनी सत्ता पक्ष की।

आंदोलन तेज करने की सपा की चेतावनी

पार्टी नेतृत्व ने यह भी कहा कि यदि विपक्षी नेताओं के खिलाफ ऐसी कार्रवाई जारी रहती है तो समाजवादी पार्टी देशभर में अपने आंदोलन को और व्यापक बनाएगी। नेताओं ने दावा किया कि उनका संघर्ष लोकतंत्र, संविधान और जनहित के मुद्दों को लेकर आगे भी सड़क से लेकर संसद तक पूरी मजबूती के साथ जारी रहेगा।

 Written By:  एम अतहर उद्दीन मुन्ने भारती

Edited By : Toshi Shah