केंद्र सरकार के साथ हुई बैठक के बाद कॉकरोच जनता पार्टी ने साफ कर दिया है कि उसकी सबसे प्रमुख मांग अभी भी केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की है। पार्टी ने कहा है कि सरकार के साथ हुई बातचीत में कुछ मुद्दों पर सकारात्मक संकेत जरूर मिले हैं, लेकिन शिक्षा मंत्री के इस्तीफे को लेकर अब तक कोई ठोस आश्वासन नहीं दिया गया है। पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता आशुतोष रंका ने कहा कि जब तक इस मुख्य मांग पर सरकार स्पष्ट फैसला नहीं लेती, तब तक आंदोलन को लेकर आगे की रणनीति पर विचार किया जाएगा।
आशुतोष रंका ने कही ये बात
आशुतोष रंका ने बताया कि केंद्र सरकार के साथ हुई बैठक में मुआवजे और कानूनी मामलों से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई, उन्होंने कहा कि इन दोनों विषयों पर सरकार की ओर से सकारात्मक रुख देखने को मिला है और बातचीत के दौरान सहमति बनने के संकेत मिले हैं, उन्होंने उम्मीद जताई कि सरकार जल्द ही इन मुद्दों पर लिखित सहमति भी देगी, जिससे प्रभावित लोगों को राहत मिल सके।
#WATCH | Delhi | After meeting with the government, Cockroach Janta Party's National Spokesperson Ashutosh Ranka says, "...Yesterday's meeting yielded a positive response regarding compensation and legal matters. An in-principle agreement was reached. We hope to receive that… pic.twitter.com/utgBCmMeHW
— ANI (@ANI) July 25, 2026
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर अड़ा संगठन
उन्होंने कहा कि मुआवजे और कानूनी प्रक्रिया को लेकर हुई बातचीत से कुछ प्रगति जरूर हुई है, लेकिन आंदोलन की मूल मांग अभी पूरी नहीं हुई है। पार्टी का मानना है कि नीट पेपर लीक जैसे गंभीर मामले में जवाबदेही तय करना जरूरी है और इसके लिए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा होना चाहिए।
सरकार के जवाब का इंतजार
रंका ने कहा कि अगर सरकार इस मांग पर कोई स्पष्ट जवाब नहीं देती है तो केवल बैठकें करने का कोई औचित्य नहीं रह जाता। उन्होंने कहा कि पार्टी सरकार के रुख का इंतजार कर रही है और इसके बाद ही आगे के कदम तय किए जाएंगे, उन्होंने यह भी संकेत दिया कि यदि उनकी प्रमुख मांग पर समाधान नहीं निकलता है तो आंदोलन को और तेज किया जा सकता है।
सरकार और प्रदर्शनकारियों के बीच बातचीत की कोशिश
गौरतलब है कि नीट पेपर लीक मामले को लेकर छात्रों और राजनीतिक संगठनों की ओर से लगातार विरोध प्रदर्शन किया जा रहा है। प्रदर्शनकारी इस मामले में दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और जिम्मेदार लोगों की जवाबदेही तय करने की मांग कर रहे हैं। केंद्र सरकार के साथ हुई बैठक को इसी गतिरोध को खत्म करने की दिशा में एक प्रयास के तौर पर देखा जा रहा है।
शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग पर कायम पार्टी
हालांकि, बैठक के बाद भी दोनों पक्षों के बीच सबसे बड़े मुद्दे पर सहमति नहीं बन पाई है। पार्टी ने साफ कर दिया है कि मुआवजा और कानूनी कार्रवाई जैसे मुद्दों पर प्रगति के बावजूद शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग उसके एजेंडे में सबसे ऊपर बनी रहेगी।
Written By Toshi Shah