Vaibhav Sooryavanshi Test Dream: भारतीय टीम के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को लेकर भारतीय टीम के पूर्व कप्तान ने चौंकाने वाला बयान दिया है। वैभव ने काफी समय पहले गया था कि वह व्हाइट बॉल के अलावा भारत के लिए टेस्ट क्रिकेट भी खेलना चाहते हैं और यह उनका सापना भी है।

सी सपने को पूरा करने के लिए वह कड़ी मेहनत कर रहे हैं। वैभव इस समय भारत में खेली जा रही दलीप ट्रॉफी 2026 में ईस्ट जोन के लिए बतौर उप कप्तान खेल रहे हैं। चयनकर्ताओं ने उन्हें उप कप्तानी का पद सौंपा है, लेकिन पहले मैच में वह सिर्फ 8 रन बनाकर चलते बने थे। अब इसपर भारत के पूर्व कप्तान की बड़ी प्रतिक्रिया सामने आई है।

पूर्व कप्तान का चौंकाने वाला बयान

भारतीय टीम के पूर्व कप्तान और हेड कोच रह चुके राहुल द्रविड़ ने युवा ओपनर वैभव सूर्यवंशी को लेकर काफी चौंकाने वाली बात कही है। द्रविड़ ने जियो हॉटस्टार पर बात करते हुए कहा, ‘’वैभव के मामले में आपको धैर्य रखने की जरूरत है। वह अभी केवल 15 साल का है और मैंने उस बच्चे में जितना देखा है, उससे मुझे कोई संदेह नहीं है कि अगर उसे घरेलू क्रिकेट में कुछ सीजन लाल गेंद से खेलने का मौका मिले तो वह टेस्ट टीम में अपनी जगह बना सकता है।’’

राहुल द्रविड़ ने यह भी कहा, ‘’जो खिलाड़़ी पहले से टेस्ट क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं, क्या उनके बीच वैभव प्लेइंग इलेवन में अपनी जगह बना पाएंगे, यह एक अलग बात होगी और ऐसा करना काफी कठिन भी है। क्या उनके पास घरेलू क्रिकेट के दो सीजन खेलने जीतना समय है, क्योंकि वह सिमित ओवरों के खेल में टीम इंडिया के लिए खेलने में काफी व्यस्त होंगे।’’

दलीप ट्रॉफी में रहे थे फ्लॉप

दलीप ट्रॉफी 2026 के क्वार्टर-फाइनल में वैभव सूर्यवंशी को ईस्ट जोन की टीम में शामिल किया गया था और उप कप्तानी सौंपी थी। टीम का मुकाबला नॉर्थ ईस्ट जोन से हुआ था, जिसमें ओपनिंग करने आए वैभव सूर्यवंशी 6 गेंदों पर सिर्फ 8 रन बना सके। वैभव की पारी में 2 चौके शामिल थे।

वैभव जब बैटिंग कर रहे थे तो हर गेंद को वह बाउंड्री पार पहुंचाने की कोशिश में लगे थे और इसी के कारण उन्होंने अपना कीमती विकेट गंवाना पड़ा। चौंकाने वाली बात ये है कि व्हाइट बॉल क्रिकेट में 40 से ऊपर की औसत से रन बनाने वाले वैभव फर्स्ट क्लास में मात्र 16.53 की एवरेज से रन बना रहे हैं।

राहुल द्रविड़ की कोचिंग खेले थे IPL

वैभव सूर्यवंशी ने साल 2025 में राजस्थान रॉयल्स के लिए पदार्पण किया था। उस समय टीम के हेड कोच राहुल द्रविड़ थे। उस समय वैभव को 7 मैच खेलने का मौका मिला था, जिसमें उन्होंने 206.55 के दमदार स्ट्राइक रेट से 252 रन बनाए थे, जिसमें 1 शतक और 1 अर्धशतक ठोका था। इ

सके बाद दूसरे सीजन में वैभव ने 48.80 की औसत और 237.30 के स्ट्राइक रेट से 776 रन बनाकर ऑरेंज कैप पर कब्जा किया था। इस प्रदर्शन के बाद वैभव को जुलाई में इंग्लैंड दौरे पर इंटरनेशनल डेब्यू का मौका, लेकिन वह कोई बड़ा कमाल नहीं दिखा पाए। इसके बाद जिम्बाब्वे के खिलाफ उन्होंने 3 मैचों में दो अर्धशतक जड़कर प्लेयर ऑफ द मैच का खिताब अपने नाम किया।

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