झारखंड के रांची में JPSC पेपर लीक मामले में CID की टीम बेहद ही बारीकी से जांच कर रही है। मामले से जुड़े आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए भी CID पूरी तेजी के साथ छापेमारी और तलाशी में कर रही है। सीआईडी ने कहा कि रांची में नामकुम के आदित्य पांडे और टाटीसिलवाई के पवन कुमार के खिलाफ छापेमारी तेज कर दी है। पलामू में रविशंकर कुमार और संतोष कुमार सिंह, बोकारों में सानंद प्रकाश, हजारीबाग में लालू कुमार और गिरिहीड में सौरव कुमार पांडे मुख्य 7 आरोपी हैं जिनके गिरफ्तार करने के लिए CID कई बड़े ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर चुकी है। पुलिस ने अभी तक इस मामले में 600 से ज्यादा लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर 20 से भी ज्यादा आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

कई जगह की छापेमारी

CID की रडार पर रांची के आदित्य पांडे और पवन कुमार सिंह, पलामू के रविशंकर कुमार और संतोष कुमार सिंह, बोकारों के सनंद प्रकाश, हजारीबाग के लालू कुमार यादव और गिरिडीह के सौरभ कुमार पांडे वांछित आरोपियों में शामिल हैं। सीआईडी अधिकारी द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक राज्य के कई बड़ी जगहों पर छापेमारी की गई। जांच कर रही टीम जब साक्ष्य जुटा रही थी। जांच टीम ओएमआर कार्बन प्रतियों की जांच व मिलान प्रक्रिया भी आगे बढ़ा रही है। जांच में जो भी सामने निकलेगा उसके अनुसार ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।

सातों आरोपियों के खिलाफ जांच की तेज

अभी तक सीआईडी की टीम जेपीएससी पेपर लीक मामले में पूर्व चेयरमैन एल खिईआंगते को 10 अगस्त को गिरफ्तार कर चुके है। सीआईडी द्वारा अभी तक इस मामले में 20 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। मुख्य सचिव के पद से रिटायर होने के बाद बीते वर्ष फरवरी माह में साल 1988 बैच के आईएएस अधिकारी खिआंगते को जेपीएससी का चेयरमैन नियुक्त किया गया था। 22 जुलाई को खिईआंगते ने अपने पद से इस्तीफा दिया था। 28 जुलाई को खिआंगते से 4 बार टीम ने पूछताछ की। बता दें कि खिईआंगते ने सीआईडी के छापेमारी से ठीक एक दिन पहले ही अपने पद से इस्तीफा दिया था। 9 अगस्त को जेपीएससी के तीनों सदस्यों अजीत भट्टाचार्य, अनिमा हंसदा और जमाल अहमद ने भी अपने पद से इस्तीफा दे दिया। इसके बाद से ही सीआईडी की रडार पर हैं। फिलहाल सीआईडी की टीम आगे की जांच में जुटी है। और सातों आरोपियों के खिलाफ पुख्ता सबूतों के आधार पर जांच को तेज किए हुए है।

क्या बोले प्रोटेस्ट लीडर देवेंद्र नाथ महतो

झारखंड में JPSC-JSSC की भर्ती परीक्षा में हुए धांधली को लेकर छात्र आंदोलन कर रहे है। एबीवीपी की तरफ से भी 1,200 से भी ज्यादा विश्वविद्यालयों में राष्ट्रव्यापी प्रदर्शन का ऐलान किया गया हैं। झारखंड के पूर्व सीएम और भाजपा के वरिष्ठ नेता रघुवर दास भी छात्रों के आदोलन में शामिल हो चुके हैं। वहीं झारखंड स्टूडेंट प्रोटेस्ट के लीडर देवेंद्र नाथ महतो का अस्पताल से एक वीडियो जारी हुआ है। जिसमें उन्होंने कहा है कि- "आंदोलन की दिशा भटकाने का प्रयास किया जा रहा है। आंदोलन के कारण ही आज जांच कमेटी बनी है। सरकार भी हमारी बातों को पॉजिटिव तरीके से सुन रही है, लेकिन पूरा इंसाफ अभी बाकी है। मेरे आंदोलन के शुरू होने के करीब 29-30 दिन बाद कुछ लोग इस आंदोलन को खत्म करना चाहते हैं। समय आने पर मैं सारे खुलासे करूंगा। मैं बेकसूर स्टूडेंट्स से रिक्वेस्ट करता हूं कि इस आंदोलन को भटकने न दें। हालात कैसे भी हों, आंदोलन को बचाएं और एकजुट रहें।"

 

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Written By: MADHVI TANWAR