देश में लगातार बढ़ती महंगाई के बीच आम लोगों की जेब पर एक और असर पड़ा है। दैनिक उपयोग की कई वस्तुओं के दाम पहले से ही ऊंचे स्तर पर हैं और अब घरेलू एलपीजी गैस सिलेंडर की कीमतों में भी वृद्धि कर दी गई है। सूत्रों के अनुसार, गैस कंपनियों ने 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर के दाम में 29 रुपये की बढ़ोतरी की है। इस संशोधन के बाद दिल्ली-एनसीआर में इसकी कीमत 942 रुपये हो गई है।
5 किलोग्राम वाले घरेलू सिलेंडर की कीमत 339 रुपये निर्धारित
नई दरों के अनुसार 5 किलोग्राम वाले घरेलू सिलेंडर की कीमत 339 रुपये निर्धारित की गई है। वहीं 19 किलोग्राम के व्यावसायिक (कमर्शियल) सिलेंडर के दाम में फिलहाल कोई बदलाव नहीं किया गया है और इसकी कीमत 3,113.50 रुपये बनी हुई है।
पहले भी बढ़ चुके हैं कमर्शियल सिलेंडर के दाम
पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी के बाद यह संभावना जताई जा रही थी कि एलपीजी सिलेंडर भी महंगे हो सकते हैं। हालांकि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आपूर्ति संबंधी चुनौतियों के बावजूद घरेलू सिलेंडर के दाम कुछ समय तक स्थिर रखे गए थे। इससे पहले मई में कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में उल्लेखनीय वृद्धि की गई थी। इसके बाद जून में भी कमर्शियल सिलेंडर के दामों में 42 रुपये का इजाफा किया गया।
गैस आपूर्ति सामान्य रहने का दावा
पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि देश में एलपीजी की उपलब्धता सामान्य बनी हुई है। मंत्रालय के अनुसार, किसी भी क्षेत्र में गैस की कमी जैसी स्थिति नहीं देखी गई है और वितरण व्यवस्था सुचारु रूप से चल रही है।
मंत्रालय ने कही ये बात
मंत्रालय ने यह भी बताया कि जमाखोरी और कालाबाजारी पर नियंत्रण रखने के लिए विभिन्न राज्यों में लगातार निगरानी और कार्रवाई की जा रही है। सरकार का कहना है कि संभावित अंतरराष्ट्रीय संकटों के बावजूद पेट्रोलियम उत्पादों और एलपीजी की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठाए गए हैं। रिफाइनरियां उच्च क्षमता पर काम कर रही हैं तथा कच्चे तेल और एलपीजी का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है। घरेलू उत्पादन बढ़ाने पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
ऑनलाइन बुकिंग और पारदर्शी वितरण पर जोर
सरकार के मुताबिक, रसोई गैस की ऑनलाइन बुकिंग का प्रतिशत बढ़कर लगभग 99 प्रतिशत तक पहुंच गया है। इसके अलावा अधिकांश गैस डिलीवरी ग्राहकों के मोबाइल पर भेजे जाने वाले प्रमाणीकरण कोड के माध्यम से की जा रही है। इस व्यवस्था का उद्देश्य वितरण प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाना और किसी भी प्रकार की अनियमितता को रोकना है।
Written By Toshi Shah