राजधानी दिल्ली में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने राजीव गांधी के श्रद्धांजलि" कार्यक्रम में पहुंचे। जहां राहुल गांधी ने जनसभा को संबोधित करते हुए आरएसएस पर निशाना साधा। राहुल गांधी ने कहा, RSS के साथ मुझे समस्या है कि RSS ने तय कर लिया है कि वे 150 करोड़ लोगों की सच्चाई जानते हैं। मैं इससे सहमत नहीं हूं क्योंकि सिर्फ़ वे 150 करोड़ लोग ही अपनी सच्चाई जानते हैं। राहुल गांधी ने कहा कि, लोगों के एक समूह ने अचानक यह फ़ैसला किया है क्योंकि सिस्टम पर उनका अपना कंट्रोल है। वे इस देश में हर किसी की सच्चाई जानते हैं। आप रोज़ाना छात्रों पर हमला कर रहे हैं क्योंकि आपको लगता है कि आप सच्चाई जानते हैं।
गांधी जी का विजन कुछ बुनियादी बातों के बिना मुमकिन नहीं
अगर इस देश के सभी कारोबारों पर किसी एक आदमी का कब्ज़ा हो, तो भारत के आम लोगों के लिए 'स्वराज' की कोई गुंजाइश नहीं बचती। यह एक सच्चाई है, क्योंकि आपमें से कुछ लोग एयरपोर्ट, बंदरगाह या कंपनियों के मालिक बनना चाहते होंगे, जबकि कुछ लोग नौकरशाह (ब्यूरोक्रेट) बनना चाहते होंगे। गांधी जी का विजन कुछ बुनियादी बातों के बिना मुमकिन नहीं है। यह महंगी शिक्षा व्यवस्था, अनुचित परीक्षा प्रणाली, ऐसी वित्तीय व्यवस्था के साथ नहीं चल सकता जिस पर 2-3 लोगों का एकाधिकार हो, यह ऐसी राजनीतिक व्यवस्था के बिना अस्तित्व में नहीं रह सकता जो देश की गहराई तक फैली हो, जैसे पंचायती राज, विधायक,सांसद आदि।
स्वराज का अर्थ समझाया
इसमें राहुल गांधी ने जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि लोग सोचते हैं कि स्वराज का मतलब होता है आजादी, लेकिन स्वराज का मतलब होता है स्व का राज। अगर आप 70-80 साल पहले जेल जाते और गांधी जी पूछते कि क्या आप आजाद हैं? तो वह कहते कि नहीं मैं आजाद नहीं हूं मगर मैं स्व पर राज करता हूं स्वराज हिंदुस्तानी शब्द है और इसमें जिम्मेदारी होती है। राहुल गांधी ने कहा कि गांधी जी चाहते थे कि देश का हर व्यक्ति इस रास्ते पर चले।
Written By: MADHVI TANWAR