कांग्रेस के पूर्व सांसद सज्जन कुमार का आज यानी गुरुवार को निधन हो गया है। सफदरजंग अस्पताल के डॉक्टरों ने उनके निधन की पुष्टि करते हुए बताया कि उन्हें मृत अवस्था में अस्पताल लाया गया था। साल 1984 के सिख-विरोधी दंगों से जुड़े मामलों में सज्जन कुमार दोषी ठहराए गए थे। जिसके बाद कोर्ट ने उन्हें उम्र कैद की सजा सुनाई थी। दिल्ली की तिहाड़ जेल में सज्जन कुमार उम्रकैद की सजा काट रहे थे।
क्या बोले पड़ोसी अनिल शर्मा
सज्जन कुमार की मृत्यु के कारणों की पुष्टी अभी नहीं हुई है। सिख विरोधी दंगा मामलों में तिहाड़ जेल में बंद सज्जन कुमार जेल में अचेत मिले थे। जेल से अचेत अवस्था में ही उन्हें सफदरजंग अस्पताल लाया गया था, जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। सज्जन कुमार के वकील और पड़ोसी अनिल शर्मा का इस पूरे मामले में कहना है कि वह कई बीमारियों से पीड़ित थे। शरीर में सोडियम लेवल का स्तर बेहद कम था। इससे पहले भी वह जेल में कई बार अचेत हो जाते गए थे। सुप्रीम कोर्ट में उनकी अपील 8 साल से लंबित है। जिसपर सुनवाई नहीं हुई।
सिख विरोधी दंगों में काट रहे थे उम्रकैद
दिल्ली हाई कोर्ट ने साल 2018 में 17 दिसंबर वो तारीख थी जब कांग्रेस के सांसद सज्जन कुमार दिल्ली दंगों में आरोपी साबित हुए थे। मामला साल 1984 से जुड़ा था। जब कोर्ट में सज्जन कुमार 5 सिखों की हत्या व गुरुद्वारा जलाने के मामले में दोषी साबित हुए थे। कोर्ट ने उन्हें दिल्ली की तिहाड़ जेल में उम्रकैद की सजा सुनाई थी। साल 2025 के फरवरी महीने में दिल्ली की एक कोर्ट में दंगों के मामले की सुनवाई हुई। जिसमें 2 सिखों की हत्या से जुड़े एक और मामले में भी उन्हें उम्रकैद की सजा मिली। इस मामले में उनपर तरुनदीप सिंह और जसवंत सिंह की हत्या का आरोप लगा था।
साल 2018 में कांग्रेस से दिया था इस्तीफा
हालांकि कई मामलों में वह बरी हो गए थे, लेकिन तिहाड़ जेल में पूर्व के मामले उनका पीछा नहीं छोड़ रहे थे। ऐसे में 3 बार लोकसभा सदस्य रहे सज्जन कुमार ने आउटर दिल्ली निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया था। साल 2018 में जब वह दोषी ठहराए गए तो उस समय सज्जन कुमार ने कांग्रेस से अपना इस्तीफा दे दिया था।
Written By: MADHVI TANWAR