लाइफस्टाइल
सुबह की बनी चाय को घंटों बाद पीना कितना सुरक्षित?
सुबह की भागदौड़ में कई लोग एक साथ दो-तीन कप चाय बनाकर रख देते हैं और बाद में समय मिलने पर उसे दोबारा गर्म करके पीते हैं।
सुबह की भागदौड़ में कई लोग एक साथ दो-तीन कप चाय बनाकर रख देते हैं और बाद में समय मिलने पर उसे दोबारा गर्म करके पीते हैं। यह आदत सुविधाजनक जरूर है, लेकिन चाय को लंबे समय तक कमरे के तापमान पर छोड़ना खाद्य सुरक्षा के लिहाज से ठीक नहीं माना जाता। खासकर दूध वाली चाय में सावधानी ज्यादा जरूरी है।
3 या 4 घंटे बाद चाय सीधे 'जहर' बन जाती है
हालांकि यह कहना सही नहीं है कि 3 या 4 घंटे बाद चाय सीधे 'जहर' बन जाती है। जोखिम मुख्य रूप से इस बात पर निर्भर करता है कि चाय कितनी देर और किस तापमान पर रखी गई है। खाद्य सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, कमरे के तापमान पर लंबे समय तक रखे गए जल्दी खराब होने वाले खाद्य पदार्थों में बैक्टीरिया तेजी से बढ़ सकते हैं। FDA की सामान्य सलाह है कि ऐसे खाद्य पदार्थों को कमरे के तापमान पर दो घंटे से ज्यादा न छोड़ें, तापमान 32°C से ऊपर होने पर यह समय घटकर एक घंटा हो जाता है।
दूध वाली चाय में क्यों बढ़ जाती है सावधानी?
दूध एक जल्दी खराब होने वाला खाद्य पदार्थ है। इसलिए दूध से बनी चाय को लंबे समय तक कमरे के तापमान पर रखना बेहतर नहीं है। चाय ठंडी होकर उस तापमान सीमा में पहुंच जाती है जहां कई प्रकार के बैक्टीरिया तेजी से बढ़ सकते हैं। FDA के मुताबिक लगभग 4°C से 60°C के बीच का तापमान बैक्टीरिया की वृद्धि के लिए अनुकूल हो सकता है। यही वजह है कि दूध वाली चाय को बनाकर कई घंटे किचन या ऑफिस की मेज पर छोड़ने के बजाय जल्द पीना बेहतर है।
क्या दोबारा गर्म करने से चाय सुरक्षित हो जाती है?
यह मान लेना सही नहीं है कि पुरानी चाय को दोबारा उबालने या गर्म करने से वह हर स्थिति में सुरक्षित हो जाएगी। गर्म करने से कुछ बैक्टीरिया नष्ट हो सकते हैं, लेकिन लंबे समय तक गलत तापमान पर रखे भोजन में कुछ सूक्ष्मजीव ऐसे पदार्थ बना सकते हैं जिन्हें केवल दोबारा गर्म करना पूरी तरह खत्म नहीं करता। इसलिए पुरानी चाय को बार-बार गर्म करने की आदत के बजाय उसे सही तरीके से स्टोर करना ज्यादा बेहतर है।
ग्रीन और हर्बल टी का क्या करें?
ग्रीन टी, हर्बल टी या दूसरी बिना दूध वाली चाय में दूध वाली चाय जैसा जोखिम जरूरी नहीं होता, लेकिन इन्हें भी घंटों कमरे के तापमान पर छोड़ना अच्छी आदत नहीं है। बार-बार गर्म करने से स्वाद और कुछ संवेदनशील यौगिकों की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। इसलिए ऐसी चाय भी जरूरत के मुताबिक ताजा बनाकर पीना बेहतर विकल्प है।
चाय बच जाए तो क्या करें?
अगर चाय तुरंत नहीं पीनी है, तो उसे लंबे समय तक बाहर रखने के बजाय जल्दी ठंडा करके साफ, ढके हुए कंटेनर में रेफ्रिजरेटर में रखना बेहतर है। FDA भी तैयार भोजन और बची हुई चीजों को दो घंटे के भीतर रेफ्रिजरेट करने की सलाह देता है। लेकिन रोजमर्रा की चाय के लिए सबसे आसान नियम यही है—जितनी जरूरत हो, उतनी ही चाय बनाएं और ताजा चाय का आनंद लें।
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इन बातों का रखे ध्यान
1. चाय को कमरे के तापमान पर घंटों खुला न छोड़ें।
2. दूध वाली चाय को लेकर विशेष सावधानी रखें।
3. सामान्य खाद्य-सुरक्षा नियम के मुताबिक जल्दी खराब होने वाली चीजें कमरे के तापमान पर 2 घंटे से ज्यादा न रखें।
4. बहुत गर्म मौसम में यह सीमा 1 घंटे तक हो सकती है।
5. केवल दोबारा गर्म करने को पुरानी चाय को सुरक्षित बनाने की गारंटी न समझें।
6. सबसे बेहतर विकल्प है, ताजी चाय बनाएं और समय पर पीएं।
Written By: Geeta Sharma
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