Uttar Pradesh: देश में कल करवा चौथ को लेकर बाजारों में रौनक देखने को मिल रही है। कुछ महिलाओं के लिए यह पहला करवा चौथ है। सुहागन महिलाएं बाजार से अपने लिए चुड़ियां, व सजने सवरने की अन्य चीजें लेने के लिए बाजारों का रूख कर रही हैं। कामकाजी महिलाएं भी समय निकालकर अपने दिन को खास बनाने की तैयारी कर रही हैं। करवा चौथ पर पुलिस विभाग में तैनात महिला पुलिसकर्मियों के सामने छुट्टी को लेकर समस्या आती है। लेकिन करवा चौथ के अवसर पर विवाहित महिला पुलिसकर्मियों को ड्यूटी और कार्यमुक्ति की विशेष राहत दी गई है।

जी हां हम बात कर रहे हैं, फतेहपुर जिले की जहां एसपी अभिमन्यु मांगलिक के निर्देशानुसार, 29 अक्टूबर को करवा चौथ के मौके पर सभी थानों, चौकियों, कार्यालयों और शाखाओं में कार्यरत विवाहित महिला पुलिसकर्मियों को ड्यूटी से मुक्त रखने के आदेश जारी किए गए हैं। जिससे वह अपने परिवार के साथ व्रत की परंपराएं निभा सकें। अन्य जिले: समय-समय पर स्थानीय स्तर पर और अन्य जिलों में भी वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा महिला पुलिसकर्मियों को पर्व के दौरान कार्यमुक्ति या परेड से राहत दी जाती है।

एसपी अभिमन्यु ने दी राहत

पुलिस विभाग में अनुशासन और चौबीसों घंटे की ड्यूटी के बीच महिला पुलिसकर्मियों को अपनी जिम्मेदारियों के साथ त्योहारों की परंपराओं का निर्वहन करना पड़ता है। करवा चौथ का व्रत पूरे दिन रखा जाता है, ऐसे में ड्यूटी और व्रत की रस्में निभाना उनके लिए चुनौतीपूर्ण हो सकता है। इसी को देखते हुए एसपी अभिमन्यु मांगलिक ने संवेदनशील पहल करते हुए महिला पुलिसकर्मियों को साप्ताहिक परेड से राहत प्रदान की।

व्रत, पूजा-पाठ के लिए मिलेगा समय

इस निर्णय से महिला पुलिसकर्मियों को व्रत, पूजा-पाठ और पारिवारिक परंपराओं के लिए अतिरिक्त समय मिल सकेगा। अधिकारियों की इस पहल को महिला पुलिसकर्मियों के प्रति संवेदनशीलता और उनकी भावनाओं के सम्मान के रूप में देखा जा रहा है। इससे उनका मनोबल बढ़ने के साथ त्योहार की खुशियां भी दोगुनी होने की उम्मीद है।

गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश के विभिन्न जनपदों में भी समय-समय पर पर्वों के दौरान महिला पुलिसकर्मियों को ड्यूटी या परेड में राहत देने के निर्णय लिए जाते रहे हैं। फतेहपुर में एसपी का यह कदम पुलिसकर्मियों की कार्यक्षमता के साथ उनके व्यक्तिगत और पारिवारिक जीवन के बीच संतुलन बनाए रखने की दिशा में एक सकारात्मक पहल है।

 

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