Hardoi Industrial Corridor: हरदोई जिले में औद्योगिक विकास को नई रफ्तार देने की तैयारी शुरू हो गई है। आगरा एक्सप्रेसवे के बाद गंगा एक्सप्रेसवे से बेहतर कनेक्टिविटी मिलने के साथ ही अब इसके किनारे एक नया औद्योगिक कॉरिडोर विकसित किया जाएगा। शासन के निर्देश के बाद जिला प्रशासन ने करीब 200 हेक्टेयर भूमि के अधिग्रहण की प्रक्रिया तेज कर दी है। गंगा एक्सप्रेसवे के किनारे प्रस्तावित इस नए औद्योगिक कॉरिडोर के विकसित होने से जिले में उद्योगों की स्थापना को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है।
मुंडेर के बाद अब 200 हेक्टेयर में नया औद्योगिक कॉरिडोर
हरदोई में पहले से औद्योगिक विकास को लेकर कई योजनाओं पर काम चल रहा है। संडीला में औद्योगिक कॉरिडोर को अलग-अलग चरणों में विस्तारित किया जा रहा है। वहीं, अब शासन ने गंगा एक्सप्रेसवे के किनारे भी औद्योगिक गतिविधियां बढ़ाने की तैयारी शुरू कर दी है। गंगा एक्सप्रेसवे पर मुंडेर के पास टोल प्लाजा और वाहनों के चढ़ने-उतरने के लिए कट की सुविधा उपलब्ध है। बेहतर कनेक्टिविटी के कारण यह क्षेत्र औद्योगिक कॉरिडोर के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। यहां उद्योग स्थापित होने के बाद कंपनियों को कच्चा माल लाने और तैयार उत्पादों को दूसरे जिलों, राष्ट्रीय राजधानी और अन्य राज्यों तक पहुंचाने में आसानी होगी।
तीन गांवों की 200 हेक्टेयर जमीन का होगा अधिग्रहण
औद्योगिक कॉरिडोर के विस्तार के लिए देवनियापुर, देवनियापुर सरसई और तेरा गांव की करीब 200 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहित करने की तैयारी की जा रही है। इससे पहले मुंडेर के पास औद्योगिक कॉरिडोर के लिए करीब 132 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण किया जा चुका है। अब नई भूमि अधिग्रहित होने के बाद गंगा एक्सप्रेसवे के आसपास दो औद्योगिक कॉरिडोर विकसित होने की संभावना है। प्रशासन के अनुसार, इससे हरदोई में औद्योगिक विकास को बड़ा बढ़ावा मिलेगा और निवेश की संभावनाएं भी मजबूत होंगी।
भूमि चिह्नांकन पूरा, अधिग्रहण की प्रक्रिया तेज
मुख्यमंत्री की शीर्ष प्राथमिकताओं में शामिल औद्योगिक कॉरिडोर और नई औद्योगिक इकाइयों की स्थापना को देखते हुए प्रशासन ने भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी है। तहसील सवायजपुर की ओर से प्रस्तावित भूमि का चिह्नांकन कराया जा चुका है। किसानों की निजी भूमि और सरकारी जमीन को अलग-अलग चिह्नित करने के साथ ही अधिग्रहण और बैनामा कराने की प्रक्रिया की तैयारी की जा रही है। प्रशासन को गंगा एक्सप्रेसवे के किनारे प्रस्तावित नए औद्योगिक कॉरिडोर के लिए तय समयसीमा के भीतर भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं।
मुख्यमंत्री के संभावित दौरे की भी तैयारी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के संभावित हरदोई दौरे को देखते हुए प्रशासनिक तैयारियां भी शुरू हो गई हैं। संभावना जताई जा रही है कि मुख्यमंत्री का कार्यक्रम तहसील सवायजपुर क्षेत्र में प्रस्तावित हो सकता है। प्रशासन ने यूपीसीडा की ओर से मुंडेर के पास पहले से अधिग्रहीत करीब 132 हेक्टेयर भूमि पर संभावित सभास्थल और हेलीपैड समेत अन्य व्यवस्थाएं विकसित करने की रणनीति बनाई है। हालांकि अभी मुख्यमंत्री के दौरे के कार्यक्रम को अंतिम रूप नहीं दिया गया है।
बेहतर कनेक्टिविटी से निवेश को मिलेगा फायदा
आगरा एक्सप्रेसवे और गंगा एक्सप्रेसवे के साथ रेल मार्ग की सुविधा मिलने से हरदोई की कनेक्टिविटी राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली समेत कई प्रमुख शहरों और राज्यों से बेहतर हुई है। ऐसे में एक्सप्रेसवे के किनारे औद्योगिक कॉरिडोर विकसित होने से परिवहन लागत और समय कम करने में मदद मिल सकती है। उद्योगों को लॉजिस्टिक्स की बेहतर सुविधा मिलने से निवेशकों के लिए भी यह क्षेत्र आकर्षक बन सकता है। वहीं इस संबंध में जिलाधिकारी अनुनय झा ने कहा कि गंगा एक्सप्रेसवे के किनारे एक और औद्योगिक कॉरिडोर की स्थापना के लिए समयबद्ध तरीके से भूमि अधिग्रहण और बैनामा कराने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि इससे जिले में औद्योगिक विकास को गति मिलेगी और स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
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