मध्य प्रदेश: मध्य प्रदेश में ड्रग्स माफिया और अवैध शराब के कारोबार पर लगाम लगाने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सख्त रुख अपनाया है। मुख्यमंत्री ने पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर प्रदेशभर में नशे के कारोबार, अवैध शराब के परिवहन और खरीद-बिक्री के खिलाफ एक साथ अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। सरकार ने वर्ष 2029 तक प्रदेश में ड्रग्स की समस्या को खत्म करने का लक्ष्य रखा है। इसके साथ ही देवास में अवैध शराब के खिलाफ कार्रवाई के दौरान जान गंवाने वाले पुलिस जवान दिलीप पुरी के परिवार के लिए एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता का ऐलान किया गया है।
2029 तक ड्रग्स मुक्त मध्य प्रदेश बनाने का लक्ष्य
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ड्रग्स मुक्त भारत के संकल्प को आगे बढ़ाते हुए मध्य प्रदेश में नशे के नेटवर्क के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए पुलिस अधिकारियों को विशेष रणनीति तैयार करने और अभियान के लिए जरूरी संसाधन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्यमंत्री ने साफ किया कि ड्रग्स के कारोबार में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
अवैध शराब के खिलाफ पूरे प्रदेश में एक साथ कार्रवाई
मुख्यमंत्री ने अवैध शराब के परिवहन, भंडारण और खरीद-बिक्री पर रोक लगाने के लिए प्रदेशव्यापी अभियान चलाने को कहा है। देवास में अवैध शराब पकड़ने के दौरान पुलिस जवान दिलीप पुरी की मौत के मामले में मुख्य आरोपी राहुल जायसवाल समेत अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। शराब के परिवहन में इस्तेमाल वाहन उपलब्ध कराने वाले आरोपी को भी पुलिस ने हिरासत में लिया है।
शहीद जवान के परिवार को एक करोड़ रुपये की मदद
दिलीप पुरी की मौत पर मुख्यमंत्री ने दुख जताते हुए उनके परिवार को एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। इसके अलावा उनकी पत्नी को पुलिस विभाग में सब इंस्पेक्टर (SI) के पद पर अनुकंपा नियुक्ति देने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं, मामले में लापरवाही सामने आने पर संबंधित जिले के सहायक जिला अधिकारी अमर सिंह बघेल को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
प्रतिबंधित पटाखों और कार्बाइड गन पर भी सख्ती
दीपावली के मद्देनजर मुख्यमंत्री ने प्रतिबंधित पटाखों और कार्बाइड गन के इस्तेमाल से बचने की अपील की है। उन्होंने कहा कि इनसे बच्चों की आंखों की रोशनी और लोगों के जीवन को गंभीर खतरा हो सकता है। पुलिस को इनके इस्तेमाल और बिक्री के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि मध्य प्रदेश में नशे और अवैध कारोबार को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सरकार का जोर ड्रग्स नेटवर्क पर कार्रवाई करने के साथ-साथ अवैध शराब के कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने पर है।
रिपोर्ट: राकेश शर्मा
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