राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) की अध्यक्ष और महाराष्ट्र की उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने रविवार को अपने दिवंगत पति अजित (Ajit Pawar) पवार की राजनीतिक और सामाजिक विरासत को आगे बढ़ाने का संकल्प जताया, उन्होंने कहा कि उनके काम का आकलन केवल इस आधार पर नहीं किया जाना चाहिए कि वह एक महिला हैं।
हनुमान मंदिर में दर्शन करके शुरू किया अभियान
सुनेत्रा पवार ने बारामती विधानसभा उपचुनाव के लिए अपने अभियान की शुरुआत कन्हेरी गांव स्थित हनुमान मंदिर में दर्शन करके की, जहां से उनके पति अजित पवार भी अपने चुनावी अभियानों की शुरुआत करते थे।
सुनेत्रा पवार ने कही ये बात
सुनेत्रा पवार ने अपने संबोधन में कहा कि शुरुआत में लोगों के मन में यह सवाल था कि क्या एक महिला इस जिम्मेदारी को संभाल पाएगी, लेकिन उन्हें अपने पति के आशीर्वाद और स्थानीय लोगों के समर्थन से आगे बढ़ने की ताकत मिली।
समाज सेवा रही प्राथमिकता- सुनेत्रा पवार
सुनेत्रा पवार ने यह भी उल्लेख किया कि उनके पति का निधन एक विमान दुर्घटना में हुआ था, जिसके बाद घटनास्थल पर मिले कागजात इस बात का संकेत थे कि वे अंतिम समय तक काम में सक्रिय थे, उन्होंने कहा कि उनके पति की प्राथमिकता हमेशा समाज सेवा रही और वे बिना किसी भेदभाव के सभी के लिए न्याय सुनिश्चित करने के पक्षधर थे, उन्होंने यह भी दावा किया कि Ajit Pawar द्वारा शुरू की गई ‘लाड़की बहिन योजना’ जैसी पहलों ने महिलाओं को आर्थिक सहारा दिया है। इस योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने 1,500 रुपये की सहायता दी जाती है।
मूल्यांकन जेंडर के आधार पर नहीं करें- सुनेत्रा पवार
सुनेत्रा पवार ने इस बात पर जोर दिया कि वह एक ऐसे परिवार की बहू हैं, जिसने महिलाओं के लिए नीतियां बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है, और उनके काम का मूल्यांकन जेंडर के आधार पर नहीं किया जाना चाहिए, उन्होंने अजित पवार द्वारा शुरू किए गए विकास कार्यों को आगे बढ़ाने का वादा किया और आश्वासन दिया कि बारामती तहसील के 33 गांवों में पानी की कमी का समाधान किया जाएगा। इस वर्ष जनवरी में विमान दुर्घटना में अजित पवार की मृत्यु के कारण 23 अप्रैल को उप चुनाव कराना आवश्यक हो गया था, उन्होंने 1991 से विधायक के रूप में कार्यरत रहते हुए आठ बार बारामती निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया था।
Written By Toshi Shah