तमिलनाडु की राजनीति में उस समय नई चर्चा शुरू हो गई जब राज्य भाजपा के पूर्व अध्यक्ष के. अन्नामलाई ने पार्टी छोड़ने के बाद अपना नया राजनीतिक संगठन “We The Leaders” शुरू करने की घोषणा की। इस कदम के बाद प्रदेश के राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। हालांकि सत्तारूढ़ टीवीके सरकार ने इस पहल के प्रभाव को कमतर बताते हुए इसे कोई बड़ा राजनीतिक बदलाव मानने से इनकार किया है।
भाजपा से अपना इस्तीफा देते ही शुरू किया नया संगठन
अन्नामलाई ने 5 जून को भाजपा से अपना इस्तीफा देने के साथ ही नए संगठन का शुभारंभ किया। उनके समर्थकों के बीच इस घोषणा को लेकर खासा उत्साह देखने को मिला। संगठन की ओर से दावा किया गया कि लॉन्च के कुछ ही घंटों के भीतर 10 लाख से अधिक लोगों ने इससे जुड़ने के लिए पंजीकरण कराया। वहीं, उनके भाजपा छोड़ने के बाद राज्य में कुछ नेताओं और कार्यकर्ताओं के राजनीतिक रुख बदलने की भी चर्चा है।
तमिलनाडु के स्वास्थ्य मंत्री ने अन्नामलाई पर जमकर साधा निशाना
तमिलनाडु के स्वास्थ्य मंत्री केजी अरुणराज ने अन्नामलाई के नए राजनीतिक प्रयास पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह कोई नई कहानी नहीं है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जनता हर बार पुराने राजनीतिक चेहरों को नए रूप में स्वीकार नहीं करती और अन्नामलाई को भी इसका एहसास है।
अन्नामलाई ने भाजपा को लेकर कही ये बात
भाजपा से अलग होने के बाद जारी अपने इस्तीफा पत्र में अन्नामलाई ने कहा कि वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और तमिलनाडु की राजनीति में सकारात्मक बदलाव लाने के उद्देश्य से पार्टी में शामिल हुए थे। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि पिछले लगभग डेढ़ वर्ष से पार्टी नेतृत्व के साथ कुछ मुद्दों पर उनके मतभेद बने हुए थे, जिन्हें उन्होंने समय-समय पर शीर्ष नेताओं के सामने रखा था।
2020 में भाजपा में शामिल हुए थे अन्नामलाई
पूर्व आईपीएस अधिकारी अन्नामलाई ने वर्ष 2020 में भाजपा का दामन थामा था। कम उम्र में ही उन्हें तमिलनाडु भाजपा की कमान सौंपी गई थी और वे राज्य इकाई के सबसे युवा अध्यक्षों में शामिल रहे। अब उन्होंने संकेत दिए हैं कि उनका नया राजनीतिक आंदोलन जनता के बीच वैकल्पिक राजनीतिक सोच को बढ़ावा देने का प्रयास करेगा। उनके अनुसार यह पहल उनके सार्वजनिक जीवन और राजनीतिक सफर का अगला महत्वपूर्ण अध्याय साबित होगी।
Written By Toshi Shah