अमेरिका और ईरान के बीच जारी युद्ध अब 36वें दिन में प्रवेश कर चुका है। हाल ही में ईरान ने अमेरिका द्वारा प्रस्तुत 48‑घंटे के युद्धविराम (सीजफायर) के प्रस्ताव को भी अस्वीकार कर दिया है। यह प्रस्ताव कथित तौर पर एक तीसरे देश के माध्यम से ईरान तक पहुंचाया गया था, लेकिन राजनयिक पहल असफल रही है। इसी बीच दोनों पक्षों के बीच सैन्य टकराव भी तेज़ हो गया है, जिसमें ईरान की ओर से अमेरिकी लड़ाकू विमानों को निशाना बनाने की खबरें आ रही हैं।
अब तक 2,076 मौतें, 26,500 से ज्यादा घायल
ईरानी अधिकारियों के अनुसार, 28 फरवरी से शुरू हुए इस युद्ध में अब तक कम से कम 2,076 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 26,500 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं।
अमेरिका के दो लड़ाकू विमान गिराने का ईरानी दावा
ईरान ने घोषणा की है कि उसने अमेरिकी दो लड़ाकू विमानों को निशाना बनाया और मार गिराया है। इनमें एफ-15ई फाइटर जेट और ए-10 अटैक एयरक्राफ्ट शामिल हैं। ईरान के अनुसार, एफ-15ई उनके हवाई क्षेत्र में गिरा, जिसमें एक चालक दल का सदस्य बचा लिया गया है, जबकि दूसरा अभी भी लापता है। दूसरी ओर, ए-10 विमान पर्शियन गल्फ में दुर्घटनाग्रस्त हुआ। अमेरिकी अधिकारियों ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि विमान वास्तव में गिरा या मार गिराया गया।
चालक दल के सदस्य की खोज में जुटी अमेरिकी सेना
अमेरिकी सेना लापता चालक दल के सदस्य की खोज में लगी हुई है। खोज अभियान में शामिल ब्लैक हॉक हेलीकॉप्टर भी ईरानी फायरिंग के संपर्क में आए, हालांकि उन्हें गंभीर नुकसान नहीं हुआ और हेलीकॉप्टर उड़ान में सुरक्षित रहे। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, दो हेलीकॉप्टर इस मिशन के दौरान प्रभावित हुए थे, जो एफ-15ई के पायलट को खोजने के प्रयास में थे।
ईरान ने कही ये बात
ईरान का कहना है कि उसने नए एडवांस डिफेंस सिस्टम के जरिए अमेरिकी विमानों को निशाना बनाया। यह दाव अमेरिकी दावे के विपरीत है, जिसमें कहा गया था कि ईरानी एयर डिफेंस सिस्टम पहले ही निष्क्रिय कर दिया गया था।
48 घंटे के युद्धविराम प्रस्ताव को ईरान ने ठुकराया
ईरान ने अमेरिका द्वारा प्रस्तावित 48 घंटे के युद्धविराम (सीजफायर) को स्वीकार नहीं किया। न्यूज एजेंसी के अनुसार यह प्रस्ताव किसी तीसरे देश के माध्यम से तेहरान तक पहुंचाया गया था, जिसे ईरान ने खारिज कर दिया। अमेरिका की ओर से इस पर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।
ट्रंप ने रक्षा बजट में की वृद्धि
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि हालिया घटनाओं का ईरान के साथ संभावित बातचीत पर कोई असर नहीं पड़ेगा। इसके साथ ही उन्होंने अमेरिकी कांग्रेस से रक्षा बजट बढ़ाकर 1.5 ट्रिलियन डॉलर करने की मांग की है। वर्तमान में अमेरिका का रक्षा बजट लगभग 839 बिलियन डॉलर है। ट्रंप पहले भी अमेरिका और उसके सहयोगियों के सैन्य खर्च बढ़ाने की बात कर चुके हैं।
Written By Toshi Shah