Delhi News: दिल्ली में शनिवार, 10 अक्टूबर को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और विपक्ष के प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। प्रदर्शनकारियों से सुबह 10 बजे जंतर-मंतर पहुंचने की अपील की गई है। वहीं, दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन की अनुमति देने से इनकार कर दिया है। इसके बावजूद प्रदर्शनकारियों के जुटने की आशंका को देखते हुए राजधानी में जगह-जगह पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। नई दिल्ली में धारा 163 लागू है। इसके अलावा मेट्रो स्टेशनों, इंटरनेट सेवाओं और रेल परिचालन को लेकर भी कई एहतियाती कदम उठाए गए हैं।

25 हजार से ज्यादा जवान तैनात, 20 जोन में बंटा नई दिल्ली जिला
प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं। नई दिल्ली जिले को 20 जोन में बांटा गया है। प्रमुख स्थानों पर मल्टी लेयर बैरिकेडिंग की गई है, जबकि संवेदनशील इलाकों में सीसीटीवी कैमरों के जरिए निगरानी रखी जाएगी। सुरक्षा व्यवस्था के तहत 25 हजार से ज्यादा जवानों की तैनाती की जानकारी दी गई है। पुलिस बस टर्मिनल, होटल और अन्य संवेदनशील स्थानों पर भी नजर रखेगी। प्रमुख जगहों पर फेस रिकग्निशन सिस्टम वाले कैमरों और कंट्रोल रूम की मदद से निगरानी की व्यवस्था की गई है।

45 मेट्रो स्टेशन बंद, इंटरचेंज की सुविधा रहेगी चालू
प्रदर्शन के मद्देनजर दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने 45 मेट्रो स्टेशनों को अस्थायी रूप से बंद रखने का फैसला लिया है। यह व्यवस्था शुक्रवार रात 9 बजे से शनिवार शाम 6 बजे तक लागू रहेगी। दिल्ली पुलिस के अनुरोध पर यह कदम उठाया गया है। हालांकि, बंद किए गए स्टेशनों पर इंटरचेंज की सुविधा चालू रहेगी। ऐसे में यात्रियों को सलाह दी जाती है कि वे यात्रा पर निकलने से पहले मेट्रो सेवाओं से जुड़ी ताजा जानकारी जरूर जांच लें।

नई दिल्ली में 24 घंटे इंटरनेट सेवाएं बंद
प्रस्तावित प्रदर्शन के मद्देनजर नई दिल्ली के कुछ हिस्सों में इंटरनेट सेवाएं भी निलंबित की गई हैं। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, गृह मंत्रालय की मंजूरी के बाद यह पाबंदी 9 अक्टूबर की रात 10 बजे से 10 अक्टूबर की रात 10 बजे तक लागू रहेगी। जनपथ-कर्तव्य पथ चौराहे के आसपास करीब 4 किलोमीटर के दायरे में इंटरनेट सेवाएं प्रभावित रहेंगी। बताया गया है कि दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन के मद्देनजर गृह मंत्रालय से इसके लिए अनुरोध किया था।

नई दिल्ली और हजरत निजामुद्दीन आने वाली ट्रेनें रद्द
प्रदर्शन के कारण रेल यात्रियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, 10 अक्टूबर को सुबह 4 बजे से दोपहर 2 बजे तक नई दिल्ली और हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशनों पर आने वाली मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों को रद्द करने का फैसला लिया गया है। इसके अलावा आसपास के राज्यों से दिल्ली आने वाली कुछ अन्य ट्रेनों की सेवाएं भी प्रभावित हो सकती हैं। ऐसे में यात्रियों को स्टेशन के लिए निकलने से पहले अपनी ट्रेन का स्टेटस जांचने की सलाह दी जाती है।

शराब की दुकानें बंद रखने का आदेश
सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए दिल्ली में 10 अक्टूबर को शराब की दुकानें बंद रखने का आदेश भी दिया गया है। पुलिस और प्रशासन की ओर से संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाई गई है, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके और कानून-व्यवस्था बनी रहे।

CJP ने सरकार की तैयारियों पर उठाए सवाल
CJP के नेताओं ने प्रदर्शन से पहले की गई सुरक्षा तैयारियों और विभिन्न पाबंदियों पर सवाल उठाए हैं। पार्टी के संयोजक अभिजीत दीपके ने इन इंतजामों की तुलना आपातकाल जैसे हालात से की है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन प्रदर्शनकारियों के साथ कठोर व्यवहार कर रहा है। दीपके ने कहा कि पार्टी पीछे नहीं हटेगी, क्योंकि उसका उद्देश्य देश में लोकतंत्र की रक्षा करना है। ये बयान पार्टी की ओर से लगाए गए आरोपों और उसके राजनीतिक रुख को दर्शाते हैं।

CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग
CJP और विपक्षी दलों ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) में कथित अनियमितताओं को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर सवाल उठाए हैं। प्रदर्शन के जरिए मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे और SIR प्रक्रिया का विरोध किए जाने की योजना है। हालांकि, दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नई दिल्ली में लागू धारा 163 का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। प्रशासन का जोर कानून-व्यवस्था बनाए रखने पर है। अब देखना होगा कि भारी सुरक्षा व्यवस्था के बीच प्रस्तावित प्रदर्शन को लेकर आगे क्या स्थिति बनती है।