West Bengal Student Union Election: पश्चिम बंगाल के कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में लंबे समय से लंबित छात्र संघ चुनाव को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है। मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने ऐलान किया है कि राज्य के उच्च शिक्षण संस्थानों में जल्द ही छात्र संघ चुनाव कराए जाएंगे।
जादवपुर विश्वविद्यालय (JU) विवाद के बीच शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि अब कॉलेज कैंपस में लोकतांत्रिक प्रक्रिया को दोबारा शुरू किया जाएगा। उन्होंने दावा किया कि इस बार छात्र राजनीति में राष्ट्रवादी विचारधारा को मजबूती मिलेगी।जादवपुर विश्वविद्यालय के बाहर आयोजित कार्यक्रम के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि छात्र संघ चुनाव जल्द होंगे। उन्होंने उम्मीद जताई कि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) बड़ी संख्या में जीत हासिल करेगी और कॉलेज परिसरों में उसका प्रभाव बढ़ेगा।
15 साल से लंबित हैं छात्र संघ चुनाव
गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में पिछले कई वर्षों से अधिकांश कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में छात्र संघ चुनाव नहीं हुए हैं।विपक्षी दल लगातार आरोप लगाते रहे हैं कि राज्य सरकार ने शिक्षण संस्थानों में छात्र लोकतंत्र को कमजोर किया है। जादवपुर विश्वविद्यालय समेत कई संस्थानों में छात्र संगठनों के बीच विवाद और झड़पों के बाद चुनाव कराने की मांग और तेज हो गई थी।विपक्ष का कहना है कि कॉलेज परिसरों में छात्रों को अपनी पसंद के प्रतिनिधि चुनने का अधिकार मिलना चाहिए।
जादवपुर यूनिवर्सिटी विवाद पर बोले शुभेंदु
जादवपुर विश्वविद्यालय में हाल के दिनों में छात्र संगठनों के बीच हुए विवाद को लेकर शुभेंदु अधिकारी ने वामपंथी संगठनों पर निशाना साधा।उन्होंने कहा कि देश के कई बड़े विश्वविद्यालयों में राष्ट्रवादी विचारों को जगह मिली है और अब यही बदलाव जादवपुर विश्वविद्यालय तक पहुंचेगा।उन्होंने दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय, दिल्ली विश्वविद्यालय, हैदराबाद विश्वविद्यालय और उस्मानिया विश्वविद्यालय का उदाहरण देते हुए कहा कि कैंपस में नई राजनीतिक सोच को आगे बढ़ने से कोई नहीं रोक सकता।
कैंपस में बढ़ेगी निगरानी, ड्रोन से होगी नजर
शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि राज्य सरकार विश्वविद्यालयों की निगरानी व्यवस्था को और मजबूत करेगी।उन्होंने नशीले पदार्थों की तस्करी और इस्तेमाल पर रोक लगाने के लिए ड्रोन निगरानी की बात कही। इसके अलावा उन्होंने हॉस्टल में लंबे समय से रह रहे पूर्व छात्रों के मुद्दे पर भी सवाल उठाए।सरकार की ओर से उच्च शिक्षा विभाग को इस पूरे मामले पर नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं।
JU में झड़प के बाद गरमाया मामला
बता दें कि 19 और 20 अगस्त को जादवपुर विश्वविद्यालय परिसर में वामपंथी छात्र संगठनों और ABVP कार्यकर्ताओं के बीच विवाद हुआ था।इस दौरान विश्वविद्यालय से जुड़े एक ऐतिहासिक प्रतीक चिह्न को नुकसान पहुंचने की बात सामने आई थी, जिसे बाद में दोबारा स्थापित किया गया।इस घटना के बाद कैंपस की राजनीति और छात्र संगठनों की भूमिका को लेकर राज्य में बहस तेज हो गई थी।