BCCI vs ACC: महिला एशिया कप 2026 के फाइनल ने एक बार फिर पुरानी यादों को ताजा कर दिया है। साल 2025 के एशिया कप फाइनल में भारतीय पुरुष टीम ने पाकिस्तान को हराकर ट्रॉफी पर कब्जा किया था लेकिन डेढ़ साल बाद भी टीम इंडिया को उनकी ट्रॉफी नहीं मिल पाई है।
तत्कालीन भारतीय टी20 कप्तान सूर्यकुमार यादव ने एशियन क्रिकेट काउंसिल के अध्यक्ष मोहसिन नकवी से ट्रॉफी लेने से इनकार कर दिया था तो महिला टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर भी अपने फैसले पर अडिग रहीं और मोहसिन नकवी से ट्रॉफी लेना स्वीकार नहीं किया। इसके बाद एसीसी अध्यक्ष ने फिर वहीं चीज दोहराई, जो उन्होंने करीब डेढ़ साल पहले भारतीय पुरुष टीम के साथ किया था।
फिर ट्रॉफी लेकर भागा नकवी
पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के मुखिया मोहसिन नकवी इस समय एशियाई क्रिकेट परिषद (ACC) के अध्यक्ष हैं। महिला एशिया कप 2026 के फाइनल में जीतने के बाद वह टीम इंडिया के खिलाड़ियों को एशिया कप की विनिंग ट्रॉफी देने पहुंचे थे लेकिन भारतीय महिला टीम ने उनके हाथ से ट्रॉफी लेने से मना कर दिया।
इसके बाद मोहसिन ने डेढ़ साल पुरानी अपनी शर्मनाक हरकत को दोहराया और खिताब लेकर मैदान से रफू-चक्कर हो गए। नकवी की इस बेहूदा हरकत पर बीसीसीआई ने अपनी आपत्ति दर्ज करवाई है।
आपको बताते दें कि, मोहसिन नकवी एसीसी अध्यक्ष होने के साथ-साथ पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड में अध्यक्ष और पाकिस्तानी सरकार में गृह मंत्री हैं लेकिन अपने पद गरिमा को मिट्टी में मिलाते हुए ट्रॉफी लेकर भागने की आदत से बाज नहीं आ रहे हैं।
क्यों नहीं ली नकवी से हाथ से ट्रॉफी?
अब सवाल ये है कि आखिर भारतीय पुरुष और महिला टीम ने एशिया कप जीतने के बाद भी मोहसिन नकवी से ट्रॉफी क्यों नहीं ली तो इसका जवाब काफी स्पष्ट है। दरअसल, नकवी एसीसी के अध्यक्ष होने के साथ-साथ पाकिस्तान सरकार में गृह मंत्री भी हैं। वहीं, पहलगाम अटैक में पाकिस्तान से आए आतंकियों ने भारत के 26 निर्दोष लोगों को मार दिया था।
इसके बावजूद नकवी ने इसकी निंदा करने की बजाय उन्होंने इस आरोपों को पूरी तरह से खारिज कर दिया था। वहीं, इस हमले के जवाब में भारत ने ऑपरेशन सिंदूर चलाया और पाकिस्तान की सह में बैठे पाकिस्तानी आतंकियों को ढेर कर दिया। इस हमले के बाद जहां पूरे विश्व ने भारत के कदम की सराहना की तो पाकिस्तान ने आतंकियों के मरने पर शोक जताया।
आपको बता दें कि, इसके बाद भारतीय टीम ने बहुराष्ट्रीय टूर्नामोंट में पाकिस्तान से साथ खेलना जारी रखा लेकिन नो हैंडशेक पॉलिसी को भी जारी रखा। यही वजह है कि भारतीय पुरुष और महिला टीम ने मोहसिन नकवी के साथ से ट्रॉफी लेने से इनकार कर दिया था।
हम उनके हाथ से ट्रॉफी नहीं लेंगे- सैकिया
महिला एशिया कप 2026 फाइनल के बाद भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड के सचिव देवजीत सैकिया एसीसी अध्यक्ष मोहसिन नकवी से बातचीत करते नजर आए थे। वहीं, इस मुलाकात के बाद सैकिया ने साफ किया," हमारे सामने रखी गई हर शर्त का पालन करें यह जरूरी नहीं है।
हमारा सैन्य संघर्ष अभी भी जारी है। हमारे देश के हितों के खिलाफ काम करने वाले प्रमुख नेताओं में से एक (मोहसिन नकवी) से हम ट्रॉफी नहीं ले सकते।
महिला टीम ने पिछले साल पुरुष टीम द्वारा लिए गए फैसले के साथ एकजुटता व्यक्त की है।" सैकिया के इस बयान ने साफ किया कि वह नकवी से हाथों से ट्रॉफी लेना कतई स्वीकार नहीं करेंगे।
प्रशंसकों ने लगाए चोर-चोर के नारे
एसीसी अध्यक्ष मोहसिन नकवी को अपनी शर्मनाक हरकत पर बीच मैदान शर्मिंदा होना पड़ा। जब नकवी ट्रॉफी लेकर मैदान से बाहर जाने लगे तो फाइनल देखने पहुंचे भारतीय प्रशंसकों ने चोर-चोर के नारे लगाए। लेकिन, बेशर्म नकवी ने इसको नजरअंदाज करके वापस लौट गए।
आपको बताते दें कि, डेढ़ साल पहले भारतीय पुरुष टीम ने ट्रॉफी जीती थी लेकिन अभी तक एसीसी ने इसको बीसीसीआई को हैंडओवर नहीं किया है।
अब कुछ इसी तरह की हरकत भारतीय महिला टीम के साथ भी पाकिस्तान के गृहमंत्री ने की है। अब देखना होगा कि इस पूरे मामले पर इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल क्या कदम उठाती है जिसकी कुर्सी पर फिलहाल जय शाह काबिज हैं।