प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सक्रिय शासन बनाए रखने के लिए बुधवार को ‘प्रगति’ बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक में देश में चल रही कई महत्वपूर्ण विकास परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। करीब ₹30 हजार करोड़ की लागत वाली परियोजनाओं पर विस्तार से चर्चा हुई। बैठक में परियोजनाओं को समय पर पूरा करने, राज्यों और केंद्र के बीच बेहतर समन्वय बनाने और विकास कार्यों में आ रही बाधाओं को दूर करने पर जोर दिया गया।

बड़े प्रोजेक्ट्स की प्रगति पर पीएम मोदी की नजर
‘प्रगति’ बैठक का उद्देश्य बड़े और महत्वपूर्ण सरकारी प्रोजेक्ट्स की नियमित समीक्षा करना है। बैठक के दौरान अलग-अलग परियोजनाओं की मौजूदा स्थिति, काम की रफ्तार और सामने आ रही अड़चनों पर चर्चा की गई। प्रधानमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि विकास परियोजनाओं को अनावश्यक देरी से बचाया जाए और संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ समस्याओं का समाधान करें। बड़े प्रोजेक्ट्स के समय पर पूरे होने से बुनियादी ढांचे को मजबूती मिलने के साथ आम लोगों को भी इसका सीधा लाभ मिल सकता है।

साइबर फ्रॉड को लेकर जागरूकता जरूरी
बैठक में साइबर अपराध और ऑनलाइन धोखाधड़ी से जुड़े मुद्दे पर भी जोर दिया गया। डिजिटल लेनदेन बढ़ने के साथ साइबर ठगी के मामले भी लोगों के लिए बड़ी चुनौती बने हुए हैं। लोगों को फर्जी कॉल, संदिग्ध लिंक, फर्जी वेबसाइट, ओटीपी मांगने वाले ठगों और दूसरे ऑनलाइन फ्रॉड के तरीकों के बारे में जागरूक करने की जरूरत पर जोर दिया गया। लोगों को यह समझाने की आवश्यकता है कि बैंक या कोई सरकारी संस्था आमतौर पर फोन पर ओटीपी, पासवर्ड या संवेदनशील बैंकिंग जानकारी साझा करने के लिए नहीं कहती।

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डिजिटल सुरक्षा को लेकर लोगों को सतर्क करने पर जोर
साइबर फ्रॉड से बचने के लिए सिर्फ तकनीकी उपाय ही नहीं, बल्कि आम लोगों में जागरूकता भी जरूरी है। प्रधानमंत्री ने इस दिशा में जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया, ताकि लोग समय रहते संदिग्ध गतिविधियों को पहचान सकें और ठगी का शिकार होने से बच सकें।

क्या है ‘प्रगति’ प्लेटफॉर्म?
‘प्रगति’ का पूरा नाम Pro-Active Governance and Timely Implementation है। यह केंद्र सरकार का एक डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जिसके जरिए प्रधानमंत्री महत्वपूर्ण सरकारी परियोजनाओं और जन शिकायतों से जुड़े मामलों की समीक्षा करते हैं। इस प्लेटफॉर्म के माध्यम से केंद्र और राज्य सरकारों के अधिकारियों के साथ सीधे चर्चा कर परियोजनाओं में आने वाली समस्याओं को समझने और उनके समाधान की दिशा में कदम उठाए जाते हैं।

समय पर प्रोजेक्ट पूरा करना सरकार की प्राथमिकता
‘प्रगति’ बैठकों के जरिए सरकार का जोर यह सुनिश्चित करने पर रहता है कि बड़ी परियोजनाएं सिर्फ योजनाओं और कागजों तक सीमित न रहें, बल्कि उन्हें तय समय में जमीन पर पूरा किया जाए। करीब ₹30 हजार करोड़ के प्रोजेक्ट्स की समीक्षा इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

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