Delhi: देश की राजधानी दिल्ली साइबर धोखाधड़ी के मामलों में तेजी से उभरते हॉटस्पॉट के रूप में सामने आ रही है। मंगलवार, 25 मार्च को लोकसभा में केंद्रीय मंत्री बंडी संजय कुमार ने इंडियन कम्प्यूटर इमरजेंसी रिस्पांस टीम (CERT-In) द्वारा संकलित आंकड़े पेश किए। जिनसे साफ पता चला रहा कि पिछले 5 वर्षों में देशभर में साइबर घटनाओं में बढ़ोतरी हुई है। रिपोर्ट के अनुसार, सबसे अधिक साइबर घटनाएं दिल्ली से दर्ज की गई हैं, जो चिंता का विषय है।

साइबर सुरक्षा घटनाओं की संख्या दोगुनी

सरकार के अनुसार, वर्ष 2021 के बाद से साइबर सुरक्षा से जुड़ी घटनाओं की संख्या दोगुने से अधिक हो चुकी है। डिजिटल लेनदेन और इंटरनेट उपयोग में बढ़ोतरी के साथ-साथ साइबर अपराधियों की सक्रियता भी तेजी से बढ़ी है। इस चुनौती से निपटने के लिए CERT-In समय-समय पर अलर्ट और एडवाइजरी जारी करता रहता है, ताकि नागरिकों और संस्थाओं को संभावित खतरों से आगाह किया जा सके।

साइबर सुरक्षा को मजबूत करने के लिए साइबर भारत सेतु कार्यक्रम शुरू

साइबर सुरक्षा को मजबूत करने के लिए सरकार ने राष्ट्रीय साइबर समन्वय केंद्र, साइबर स्वच्छता केंद्र और साइबर भारत सेतु जैसे कार्यक्रम शुरू किए हैं। इन पहलों का उद्देश्य राज्यों और विभिन्न क्षेत्रों में साइबर जागरूकता बढ़ाना और सुरक्षा तंत्र को मजबूत करना है।

साइबर धोखाधड़ी 24.65 लाख से अधिक शिकायतें दर्ज

मंत्रालय द्वारा आंकड़ों के अनुसार, 31 जनवरी 2026 तक नागरिक वित्तीय साइबर धोखाधड़ी रिपोर्टिंग और प्रबंधन प्रणाली के तहत 24.65 लाख से अधिक शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें 8,690 करोड़ रुपये से अधिक की राशि को बचाने में सफलता मिली है। इसके अलावा, राष्ट्रीय डिजिटल जांच सहायता केंद्र ने 13,417 से अधिक मामलों में सहायता प्रदान की है।

 Writen By: Geeta Sharma