पश्चिम एशिया में चल रही जंग के चलते वैश्विक स्तर पर संकट बढ़ता जा रहा है और देश में भी लोग इसके प्रभाव को लेकर चिंतित हैं। हालांकि सरकार ने स्थिति पर नियंत्रण होने और घबराने की जरूरत नहीं होने की आश्वासन दी है। बता दें कि इसी बीच बड़ी खबर यह है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार शाम को इस मामले पर देश के मुख्यमंत्रियों से बातचीत करेंगे। यह वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग शाम 6:30 बजे आयोजित की जाएगी।

चुनाव वाले राज्यों के मुख्यमंत्री नहीं होंगे बैठक में शामिल

जानकारी के अनुसार, पीएम मोदी की शाम 6:30 बजे होने वाली वीडियो कॉन्फ्रेंस में चुनावी राज्यों के मुख्यमंत्री शामिल नहीं होंगे, क्योंकि वहां आचार संहिता लागू है। वहीं, ईरान युद्ध के बीच देश के कई हिस्सों से जमाखोरी और ब्लैक मार्केटिंग की खबरें मिलने के कारण यह बैठक बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

एलपीजी और पेट्रोल-डीजल संकट पर भी हो सकती है विशेष चर्चा

देश के कई हिस्सों में इस संकट के बीच एलपीजी और पेट्रोल-डीजल की कालाबाजारी की खबरें सामने आ रही हैं। इसके बावजूद केंद्र सरकार बार-बार लोगों से कह चुकी है कि घबराहट में जमाखोरी न करें और अफवाहों पर ध्यान न दें। सरकार ने स्पष्ट किया है कि देश में पेट्रोल-डीजल और गैस की कोई कमी नहीं है। पीएम मोदी की वीडियो कॉन्फ्रेंस के बाद कालाबाजारियों और जमाखोरों के खिलाफ कड़ा अभियान चलाए जाने की संभावना है।

जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने LPG की कमी की फेक न्यूज़ पर क्या कहा, यहा देखिए

काला बाजारी पर सख्ती और अर्थव्यवस्था को मजबूत रखने के निर्देश

प्रधानमंत्री ने मौजूदा हालात का फायदा उठाने वाले काला बाजारियों और जमाखोरों के खिलाफ सख्त रुख अपनाने का निर्देश दिया है और राज्य सरकारों को आवश्यक वस्तुओं की निगरानी और जमाखोरी पर तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी दी है। उन्होंने कहा कि संकट के समय आम जनता को महंगाई से बचाना शासन की प्राथमिकता होनी चाहिए। पश्चिम एशिया में हुए नुकसान की भरपाई में दुनिया को समय लगेगा, लेकिन भारतीय अर्थव्यवस्था मजबूत है और युद्ध के प्रभावों से निपटने के लिए एक 'इंटर-मिनिस्ट्रियल ग्रुप' बनाया गया है। इसके साथ ही सरकार एलपीजी और पीएनजी (PNG) के इस्तेमाल को बढ़ावा दे रही है, ताकि घरेलू गैस की आपूर्ति सुचारू बनी रहे।

Written By - Namita Verma