हैदराबाद: लंबित फीस प्रतिपूर्ति और छात्रवृत्ति की रकम जारी करने की मांग को लेकर सोमवार को तेलंगाना विधानसभा के बाहर प्रदर्शन कर रहे बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष रामचंदर राव को हैदराबाद पुलिस ने हिरासत में ले लिया। बीजेपी कार्यकर्ता विधानसभा घेराव की कोशिश कर रहे थे।

भाजपा अध्यक्ष और कार्यकर्ता हिरासत में

प्रदर्शनकारियों ने कांग्रेस सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए छात्रों की लंबित ट्यूशन फीस प्रतिपूर्ति तत्काल जारी करने की मांग की। पुलिस ने रामचंदर राव समेत कई बीजेपी नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में लेकर स्थानीय थानों में भेज दिया।

रामचंदर राव ने कहा, “तेलंगाना सरकार लंबित फीस प्रतिपूर्ति जारी नहीं कर रही है। छात्रों को 40 लाख रुपये देने हैं। हम छात्रों के प्रति सरकार के रवैये की निंदा करते हैं।”

लंबित राशि तत्काल जारी करने की मांग

बीजेपी ने आरोप लगाया कि फीस प्रतिपूर्ति में देरी के कारण छात्रों और शैक्षणिक संस्थानों को आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। पार्टी ने सरकार से लंबित राशि तत्काल जारी करने और छात्रों की पढ़ाई प्रभावित न होने देने की मांग की।

विधानसभा के बाहर तीन विपक्षी दलों का प्रदर्शन

तेलंगाना विधानसभा का सत्र सोमवार से शुरू हुआ और इसके साथ ही परिसर के आसपास राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गईं। बीजेपी के अलावा आम आदमी पार्टी (AAP) और भारत राष्ट्र समिति (BRS) ने भी अलग-अलग मुद्दों को लेकर प्रदर्शन किया।

AAP कार्यकर्ताओं ने कानून-व्यवस्था और महिलाओं के खिलाफ अपराधों का मुद्दा उठाते हुए अलग गृह मंत्री नियुक्त करने की मांग की। पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे AAP कार्यकर्ताओं को भी हिरासत में लिया।

वहीं, BRS के कार्यकारी अध्यक्ष के.टी. रामा राव (KTR), पूर्व मंत्री टी. हरीश राव और पार्टी के अन्य विधायकों को विधानसभा में प्रवेश से रोक दिया गया। वे कांग्रेस सरकार के खिलाफ विरोध दर्ज कराने के लिए काली टी-शर्ट पहनकर पहुंचे थे।

KTR का कांग्रेस सरकार पर हमला

इससे पहले BRS नेताओं ने गन पार्क में प्रदर्शन कर कांग्रेस सरकार के 1,000 दिनों के कार्यकाल को लेकर सवाल उठाए। प्रदर्शन के दौरान काली टी-शर्ट पर “गारंटी लागू करने में कांग्रेस विफल” और “1,000 दिनों का शासन विफल” जैसे नारे लिखे थे।

KTR ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने 420 वादे करके सत्ता हासिल की थी और उन्हें 100 दिनों में लागू करने का आश्वासन दिया था। उन्होंने कहा कि ये वादे बॉन्ड पेपर पर लिखित रूप में भी दिए गए थे, लेकिन 1,000 दिन बीतने के बावजूद एक भी वादा पूरा नहीं हुआ।

KTR ने कहा कि BRS प्रमुख के. चंद्रशेखर राव ने पार्टी नेताओं को विधानसभा सत्र के दौरान सरकार की चुनावी गारंटियों के क्रियान्वयन पर सवाल उठाने का निर्देश दिया है।

BJP, AAP और BRS का प्रदर्शन

बीजेपी, AAP और BRS के प्रदर्शनों से विधानसभा सत्र के दौरान तेलंगाना में राजनीतिक टकराव और तेज हो गया है। विपक्षी दल छात्रों की फीस प्रतिपूर्ति, कानून-व्यवस्था और चुनावी वादों को लेकर कांग्रेस सरकार पर दबाव बना रहे हैं।

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