Dinesh Sharma Andaman Nicobar: उत्तर प्रदेश के पूर्व उपमुख्यमंत्री और बीजेपी के राज्यसभा सांसद डॉ. दिनेश शर्मा को बड़ी जिम्मेदारी मिली है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उन्हें अंडमान और निकोबार द्वीप समूह का नया उपराज्यपाल नियुक्त किया है। राष्ट्रपति भवन की ओर से 5 सितंबर की देर रात जारी आधिकारिक प्रेस कम्युनिके में इसकी जानकारी दी गई। उनकी नियुक्ति उस तारीख से प्रभावी होगी, जिस दिन वह नए पद का कार्यभार संभालेंगे।
डॉ. दिनेश शर्मा अंडमान-निकोबार के मौजूदा उपराज्यपाल एडमिरल डीके जोशी (रिटायर्ड) की जगह लेंगे। शर्मा फिलहाल उत्तर प्रदेश से राज्यसभा सांसद हैं और इससे पहले योगी आदित्यनाथ सरकार में उपमुख्यमंत्री की जिम्मेदारी संभाल चुके हैं।
2017 से 2022 तक रहे यूपी के डिप्टी सीएम
डॉ. दिनेश शर्मा ने उत्तर प्रदेश की राजनीति में लंबे समय तक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। साल 2017 में बीजेपी की सरकार बनने के बाद उन्हें योगी आदित्यनाथ के साथ प्रदेश का उपमुख्यमंत्री बनाया गया था। 2017 से 2022 तक वह इस पद पर रहे।इससे पहले भी संगठन और स्थानीय राजनीति में उनकी मजबूत पकड़ रही। वह लखनऊ के मेयर के तौर पर दो कार्यकाल पूरे कर चुके हैं। 2006 में पहली बार लखनऊ के मेयर बने और 2012 में दोबारा इस पद पर चुने गए।2014 के लोकसभा चुनाव के बाद बीजेपी संगठन में भी उन्हें अहम जिम्मेदारी मिली और वह पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रहे।
अभी राज्यसभा सांसद हैं दिनेश शर्मा
डॉ. दिनेश शर्मा सितंबर 2023 से राज्यसभा के सदस्य हैं। अब उन्हें अंडमान और निकोबार का उपराज्यपाल बनाए जाने के बाद उनके राजनीतिक सफर में एक नया अध्याय जुड़ गया है।उनकी नियुक्ति ऐसे समय हुई है जब वह राज्यसभा में भी सक्रिय भूमिका निभा रहे थे। रिपोर्टों के मुताबिक उनका मौजूदा राज्यसभा कार्यकाल नवंबर 2026 में समाप्त होना था।
राजनीति में आने से पहले लखनऊ यूनिवर्सिटी में थे प्रोफेसर
डॉ. दिनेश शर्मा की पहचान सिर्फ एक राजनेता के तौर पर नहीं रही है। सक्रिय राजनीति में आने से पहले वह लखनऊ विश्वविद्यालय में कॉमर्स के प्रोफेसर थे।उनका अकादमिक क्षेत्र से भी गहरा जुड़ाव रहा है। उन्होंने लखनऊ विश्वविद्यालय से उच्च शिक्षा हासिल की और कॉमर्स के क्षेत्र में अध्यापन और शोध से जुड़े रहे। उनके नाम कई किताबें और रिसर्च पेपर भी बताए जाते हैं।यही वजह है कि उनके राजनीतिक सफर की शुरुआत को समझने के लिए उनके अकादमिक बैकग्राउंड का जिक्र भी महत्वपूर्ण हो जाता है।
RSS और ABVP से शुरू हुआ राजनीतिक सफर
दिनेश शर्मा का राजनीतिक जुड़ाव राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद से शुरू हुआ। इसके बाद उन्होंने भारतीय जनता युवा मोर्चा में भी काम किया और उत्तर प्रदेश में संगठन की जिम्मेदारी संभाली।संगठन में काम करते हुए वह धीरे-धीरे बीजेपी की राजनीति में आगे बढ़े। बाद में उन्हें पार्टी के राष्ट्रीय स्तर पर भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां मिलीं।
दो बार लखनऊ के मेयर रहे
दिनेश शर्मा के राजनीतिक करियर में लखनऊ नगर निगम की राजनीति का भी अहम स्थान रहा है। साल 2006 में वह पहली बार लखनऊ के मेयर बने। इसके बाद 2012 में एक बार फिर चुनाव जीतकर उन्होंने इस पद की जिम्मेदारी संभाली।इसके बाद बीजेपी संगठन में उनकी भूमिका बढ़ती गई। 2014 के बाद उन्हें पार्टी का राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया और 2017 में उत्तर प्रदेश सरकार में डिप्टी सीएम की जिम्मेदारी मिली।अब अंडमान और निकोबार के उपराज्यपाल के रूप में उन्हें संवैधानिक पद की जिम्मेदारी निभानी होगी। राष्ट्रपति भवन के मुताबिक, उनकी नियुक्ति पदभार ग्रहण करने की तारीख से प्रभावी होगी।