क्या आप भी बिना अपनी पहचान उजागर किए खुलकर अपने दिल की बात कहना चाहते हैं? कुछ ऐसा ही ट्रेंड इन दिनों सऊदी अरब में देखने को मिल रहा है, जहां Fizz ऐप ने लॉन्च होते ही तहलका मचा दिया है। महज 48 घंटों में इसने टॉप चार्ट्स पर कब्जा कर लिया और बड़े-बड़े सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को पीछे छोड़ दिया। आखिर इसकी सफलता के पीछे क्या राज है, आइए समझते हैं।

दो दिनों में एप्पल ऐप स्टोर पर पहला स्थान

सऊदी अरब के युवाओं के बीच इन दिनों Fizz का क्रेज तेजी से बढ़ रहा है। Stanford University के पूर्व छात्रों Teddy Solomon और Ashton Cofer द्वारा 2022 में शुरू किया गया यह ऐप लोगों को गुमनाम रहकर अपने विचार साझा करने की आजादी देता है। मार्च में सऊदी में लॉन्च होते ही इसने सिर्फ दो दिनों में एप्पल ऐप स्टोर पर पहला स्थान हासिल कर लिया।

10 लाख से ज्यादा मैसेज पोस्ट किए जा चुके हैं पोस्ट

अब तक इस प्लेटफॉर्म पर 10 लाख से ज्यादा मैसेज पोस्ट किए जा चुके हैं। इसे कंपनी का पहला बड़ा अंतरराष्ट्रीय परीक्षण माना जा रहा है, और सऊदी के यूजर्स ने इसे जबरदस्त प्रतिक्रिया दी है। Vision 2030 के तहत तेजी से बदलते सऊदी समाज में तकनीक और अभिव्यक्ति के नए माध्यमों को बढ़ावा मिल रहा है, और यही वजह है कि यह ऐप युवाओं के बीच खासा लोकप्रिय हो रहा है।

कंपनी ने कही ये बात

कंपनी का कहना है कि वे सऊदी अरब के सख्त नियमों को ध्यान में रखते हुए काम कर रहे हैं। इसके लिए उन्होंने अरबी भाषा को समझने वाले एडवांस टूल्स और लोकल वॉलंटियर्स की टीम तैयार की है, जो कंटेंट की निगरानी करते हैं ताकि कोई आपत्तिजनक या विवादित पोस्ट सामने न आए।

तेजी से वायरल हुआ फीचर्स

दिलचस्प बात यह है कि इस ऐप ने अब तक किसी स्थानीय निवेश या सरकारी सहायता पर निर्भरता नहीं दिखाई है। विशेषज्ञों का मानना है कि ‘Fizz Feed’ जैसे नए फीचर्स के कारण यह प्लेटफॉर्म अब सिर्फ छात्रों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि आम लोगों के बीच भी तेजी से अपनी जगह बना रहा है।

 

  Written By Toshi Shah