मिडिल ईस्ट में जंग अभी जारी है। इस युध्द का असर खाड़ी देशों के अर्थव्यवस्थाओं पर पड़ा है। वहीं LPG आपूर्ति संकट के बीच भारत को एक और राहत भरी खबर मिली है। बताया जा रहा कि मंगलवार सुबह अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्ग स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से दूसरा LPG टैंकर जहाज नंदा देवी गुजरात के वाडीनार पोर्ट पहुंच गया है। यह उसी संकटग्रस्त क्षेत्र से गुजरने वाला दूसरा जहाज है जिसने बड़ी मात्रा में खाना पकाने की गैस लेकर भारत आकर सम्बंधित पोर्ट पर डॉक किया है। इससे पहले सोमवार को जहाज शिवालिक भारत में दाखिल हुआ था।

भारत पहुंचा 92,712 मीट्रिक टन LPG

दोनों जहाजों के साथ अब करीब 92,712 मीट्रिक टन से अधिक LPG भारत पहुंच चुका है, जो देश के घरेलू गैस संकट को कम करने के लिए बड़ी राहत वाला कदम माना जा रहा है। भारतीय बाजार में LPG का दबाव बढ़ा हुआ था और इस बीच यह दोनो जहाज समय से भारत पहुंचकर बड़ी राहत देने का काम करेगी।

24,000 मीट्रिक टन LPG तमिलनाडु की ओर होगा रवाना!

सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक नंदा देवी जहाज लगभग 47,000 मीट्रिक टन से अधिक LPG लेकर वाडीनार पोर्ट पहुंचा है। अधिकारियों का दावा है कि जांच के बाद ही इसका एक हिस्सा तमिलनाडु सहित देश के उन राज्यों को भेजा जाएगा जहां गैस की आपूर्ति अधिक प्रभावित रही है। अनुमान है कि इसी जहाज के माध्यम से लगभग 24,000 मीट्रिक टन LPG तमिलनाडु की ओर रवाना किया जा सकता है।

'2 हफ्तों से समुद्री रास्ते पर दिखा जंग का असर'

शिपिंग मंत्रालय के विशेष सचिव राजेश कुमार सिन्हा ने पिछले सप्ताह ही जानकारी दी थी कि दोनों जहाज 'शिवालिक' और 'नंदा देवी', 16 और 17 मार्च को भारत पहुंच सकते हैं। उन्होंने बताया था कि इन जहाजों को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के पश्चिमी हिस्से में से सुरक्षित होकर गुजरना था, जहां पिछले 2 हफ्तों से समुद्री रास्ते पर असर देखा जा रहा था।

'22 भारतीय नाविक सुरक्षित पाए गए'

वहीं, सिन्हा ने यह भी बताया कि संयुक्त अरब अमीरात से कच्चा तेल लेकर आ रहा जहाज 'जग लाडकी' और उसके सभी 22 भारतीय नाविक सुरक्षित पाए गए हैं। यह जहाज उन 28 भारतीय ध्वज वाले जहाजों में से चौथा है जो होर्मुज जलडमरूमध्य में फंसे थे।

जहाजों ने 13 और 14 मार्च को शुरू की थी यात्रा!

लॉजिस्टिक्स और सुरक्षा स्थितियों को ध्यान में रखते हुए दोनों LPG जहाजों ने 13 और 14 मार्च को अपनी यात्रा शुरू की थी, और 14 की सुबह होर्मुज पार किया। 'शिवालिक' पहले मुंद्रा पोर्ट पहुंचा, जहां माल उतारने की कार्रवाइयों को प्राथमिकता दी गई। इसके ठीक अगले दिन 'नंदा देवी' वाडीनार पर पहुंचा।

'देश में है पर्याप्त मात्रा में LPG गैस'

विश्लेषकों के अनुसार, यह संयुक्त आपूर्ति देश के एक दिन के घरेलू LPG की आवश्यकता के बराबर है और इससे संकट के इस दौर में आम उपभोक्ताओं को राहत मिल सकती है। देशभर में आपूर्ति की स्थिति के आधार पर इन टैंकरों से आने वाली गैस को प्राथमिकता के हिसाब से विभागों में वितरित किया जाएगा।

Writen By: Geeta Sharma