मुंबई: Jio Platforms की IPO लिस्टिंग सेरेमनी के बाद अंबानी परिवार बुधवार, 28 अक्टूबर को मुंबई के प्रसिद्ध श्री सिद्धिविनायक मंदिर पहुंचा। यहां परिवार ने भगवान गणेश के दर्शन किए और आशीर्वाद लिया। बड़े कारोबारी पड़ाव के बाद मंदिर पहुंचने की अपनी परंपरा को जारी रखते हुए परिवार ने इस मौके पर आभार भी व्यक्त किया। मंदिर परिसर में परिवार की सुरक्षा के लिए कड़े इंतजाम किए गए थे।

जियो की लिस्टिंग के दौरान भावुक हुए मुकेश अंबानी

Jio Platforms की लिस्टिंग सेरेमनी के दौरान रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी भावुक नजर आए। कार्यक्रम में उनकी बेटी ईशा अंबानी और बेटे अनंत अंबानी ने संबोधन दिया। इस दौरान मुकेश अंबानी की आंखों में आंसू दिखाई दिए और वह उन्हें पोंछते नजर आए।

ईशा अंबानी ने अपने संबोधन में रिलायंस की पहली सार्वजनिक पेशकश यानी IPO से जुड़ी पारिवारिक याद साझा की। उन्होंने बताया कि कुछ दिन पहले डिनर टेबल पर बातचीत के दौरान उनके पिता ने साल 1977 के दिनों को याद किया था। उस समय मुकेश अंबानी 20 साल के थे और रिलायंस की पहली सार्वजनिक पेशकश की प्रक्रिया से जुड़े थे। ईशा के मुताबिक, उनके दादा धीरूभाई अंबानी ने रिलायंस को आम लोगों तक पहुंचाने का फैसला किया था।

10 साल में जियो की यात्रा में ग्राहकों की भूमिका 

ईशा अंबानी ने जियो के पिछले 10 वर्षों के प्रदर्शन का जिक्र करते हुए बताया कि कंपनी ने इस साल करीब 15.5 अरब डॉलर का राजस्व और लगभग 8 अरब डॉलर की कमाई दर्ज की है। उन्होंने कहा कि जियो की इस यात्रा में ग्राहकों की भूमिका सबसे अहम रही है।

ईशा ने अपने भाई और रिलायंस जियो के चेयरमैन आकाश अंबानी की मेहनत की भी तारीफ की। उन्होंने कहा कि पिछले 13 वर्षों के इस सफर में आकाश शायद ही कभी आधी रात से पहले घर लौटे हों। ईशा ने कहा कि उन्हें अपने भाई पर गर्व है।

जियो को भारत के साथ साझा करने का दिन

रिलायंस इंडस्ट्रीज के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर अनंत अंबानी ने अपने संबोधन की शुरुआत आभार व्यक्त करते हुए की। उन्होंने जियो पर भरोसा करने और उसकी यात्रा में योगदान देने वाले लाखों लोगों को धन्यवाद दिया।

अनंत ने कारोबार और आस्था के बीच संबंध बताते हुए कहा कि उनके लिए शेयर बाजार में बजने वाली घंटी मंदिर की घंटी की तरह होगी, क्योंकि उनके लिए कारोबार भी पूजा है। उन्होंने कहा कि पूजा के अंत में प्रसाद बांटा जाता है और आज जियो को भारत के साथ साझा किया जा रहा है।

उन्होंने अपनी बहन ईशा और भाई आकाश का जिक्र करते हुए कहा कि तीनों भले ही अलग-अलग शरीर हैं, लेकिन उनका उद्देश्य एक है। उन्होंने रिलायंस की भावी यात्रा में परिवार के मूल्यों और विरासत के महत्व को भी रेखांकित किया।

परिवार की विरासत और संस्कार

अनंत अंबानी ने कहा कि रिलायंस नए सपने देखना जारी रखेगा, लेकिन उसकी जड़ें हमेशा वही रहेंगी। उन्होंने अपने दादा के सपनों, दादी के आशीर्वाद, पिता के मार्गदर्शन और मां से मिले विनम्रता व देखभाल के संस्कारों को कंपनी की सोच का आधार बताया।

Jio Platforms की लिस्टिंग के बाद सिद्धिविनायक मंदिर में अंबानी परिवार की मौजूदगी ने इस कारोबारी उपलब्धि के साथ आस्था और कृतज्ञता के पहलू को भी सामने रखा।

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