Gold Silver Price Today: सोना और चांदी खरीदने वालों के लिए पिछले करीब एक महीने में बाजार में काफी हलचल देखने को मिली है। दोनों कीमती धातुओं के दाम में तेजी आई है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, 5 अगस्त से 7 सितंबर के बीच सोने और चांदी की कीमतों में अच्छी बढ़ोतरी दर्ज की गई है।

10 ग्राम सोना 7,714 रुपये महंगा

5 अगस्त को 99.9 प्रतिशत शुद्धता वाले सोने की कीमत 1,45,626 रुपये प्रति 10 ग्राम थी। वहीं, 7 सितंबर को इसका भाव बढ़कर 1,53,340 रुपये प्रति 10 ग्राम पहुंच गया। इस तरह करीब एक महीने में सोने की कीमत 7,714 रुपये प्रति 10 ग्राम बढ़ गई। प्रतिशत के हिसाब से देखें तो इस अवधि में सोने के दाम में करीब 5.03 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। यानी जिसने अगस्त की शुरुआत में सोना खरीदा था, उसके लिए कीमत में यह बढ़ोतरी काफी महत्वपूर्ण रही।

चांदी की कीमत में भी जोरदार उछाल

सोने के साथ चांदी के भाव में भी तेजी देखने को मिली। 5 अगस्त को चांदी की कीमत 2,24,562 रुपये प्रति किलोग्राम थी। 7 सितंबर को इसका भाव बढ़कर 2,35,456 रुपये प्रति किलोग्राम हो गया। इस हिसाब से करीब एक महीने में चांदी 10,894 रुपये प्रति किलोग्राम महंगी हुई है। इस दौरान चांदी की कीमत में करीब 4.85 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई।

क्यों बढ़ रहे हैं सोने-चांदी के दाम?

सोने और चांदी की कीमतों पर घरेलू के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय घटनाओं का भी असर पड़ता है। दुनिया में आर्थिक अनिश्चितता बढ़ने पर निवेशक अक्सर सोने को सुरक्षित निवेश के तौर पर देखते हैं। इससे सोने की मांग बढ़ सकती है और कीमतों पर दबाव बनता है।

इसके अलावा अमेरिका की ब्याज दरों में बदलाव, डॉलर की मजबूती या कमजोरी, महंगाई और अलग-अलग देशों के बीच तनाव भी इनकी कीमतों को प्रभावित करते हैं। चांदी की कीमत पर औद्योगिक मांग का भी असर रहता है। इसका इस्तेमाल इलेक्ट्रॉनिक्स, बिजली से जुड़े उपकरणों और सौर ऊर्जा से जुड़े उत्पादों में बड़े पैमाने पर किया जाता है।

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आगे क्या रह सकता है ट्रेंड?

पिछले एक महीने में सोने और चांदी के दाम भले ही बढ़े हैं, लेकिन आगे भी तेजी जारी रहेगी, यह तय नहीं है। अंतरराष्ट्रीय बाजार के हालात और ब्याज दरों से जुड़े संकेतों के कारण कीमतों में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। ऐसे में सोना-चांदी सस्ता भी हो सकता है। अगर आप खरीदारी की योजना बना रहे हैं तो सिर्फ एक दिन के भाव को देखकर फैसला करने के बजाय पिछले कुछ हफ्तों के रुझान, अपनी जरूरत और बजट को ध्यान में रखना बेहतर रहेगा।