Delhi Court on Swatantra Bhardwaj: दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने CJP के जून में हुए प्रदर्शन के दौरान संजय आजाद से कथित मारपीट के मामले में आरोपी स्वतंत्र भारद्वाज की न्यायिक हिरासत 21 सितंबर तक बढ़ा दी है। सोमवार को पुलिस कस्टडी खत्म होने के बाद स्वतंत्र को तिहाड़ जेल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कोर्ट में पेश किया गया।

स्पेशल जज सौरभ प्रताप सिंह ललर ने दिल्ली पुलिस की ओर से दायर 14 दिन की न्यायिक हिरासत की मांग वाली अर्जी को मंजूर कर लिया। अब स्वतंत्र भारद्वाज को 21 सितंबर को दोबारा कोर्ट के सामने पेश किया जाएगा।

एक दिन की पुलिस कस्टडी के बाद भेजा गया जेल
स्वतंत्र भारद्वाज को इससे पहले 5 सितंबर को एक दिन की पुलिस कस्टडी में भेजा गया था। पुलिस कस्टडी खत्म होने के बाद 6 सितंबर को ड्यूटी ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट फर्स्ट क्लास अंजलि सिंह ने उन्हें एक दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया था। सके बाद सोमवार को उन्हें तिहाड़ जेल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए स्पेशल कोर्ट के सामने पेश किया गया। कोर्ट ने अब न्यायिक हिरासत को 21 सितंबर तक बढ़ा दिया है।
कोर्ट ने स्वतंत्र भारद्वाज के वकील को तिहाड़ जेल से उनका हस्ताक्षरित वकालतनामा प्राप्त करने की भी अनुमति दी है।

4 सितंबर को बुलंदशहर से हिरासत में लिया गया था
दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने स्वतंत्र भारद्वाज को 4 सितंबर को उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर से हिरासत में लिया था। इसके बाद उन्हें दिल्ली लाया गया और संजय आजाद से कथित मारपीट से जुड़े मामले में गिरफ्तार किया गया। यह मामला 23 जून को जंतर-मंतर पर CJP के प्रदर्शन के दौरान हुई कथित मारपीट से जुड़ा है। शुरुआती FIR में चोट पहुंचाने और गलत तरीके से रोकने से संबंधित धाराएं लगाई गई थीं। बाद में दिल्ली पुलिस ने मामले में SC/ST (Prevention of Atrocities) Act और आपराधिक धमकी से संबंधित धाराएं भी जोड़ीं।

पॉडकास्ट के बाद फिर चर्चा में आया मामला
पुलिस के सामने रखे गए गिरफ्तारी के आधार के मुताबिक, मामला एक पॉडकास्ट इंटरव्यू के बाद दोबारा चर्चा में आया। आरोप है कि इंटरव्यू के दौरान स्वतंत्र भारद्वाज ने दावा किया कि उन्होंने अपने हाथ में पहने कड़े से संजय आजाद के सिर पर वार किया था। पुलिस के मुताबिक, 23 जून को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान हुई झड़प में संजय आजाद के सिर पर कड़े से चोट लगी थी। पुलिस ने यह भी कहा था कि मेडिकल जांच में उनकी चोट को साधारण बताया गया था। हालांकि, मामले में लगाए गए आरोपों पर अंतिम फैसला अदालत को करना है।

CJP समर्थकों ने की थी गिरफ्तारी की मांग
पॉडकास्ट में कथित टिप्पणी सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद स्वतंत्र भारद्वाज के खिलाफ कार्रवाई की मांग तेज हुई थी। CJP और संजय आजाद के समर्थकों ने संसद मार्ग थाने पहुंचकर उनकी गिरफ्तारी की मांग की थी।
शिकायतकर्ता की ओर से पेश अधिवक्ता ऋषव रंजन के मुताबिक, इस दौरान दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी के साथ बैठक भी हुई थी। बैठक में परिवार को उचित SC/ST Act की धाराएं जोड़ने और 72 घंटे के भीतर स्वतंत्र भारद्वाज की गिरफ्तारी का आश्वासन दिए जाने की बात कही गई थी। बैठक के दौरान सांसद चंद्रशेखर आजाद, संजय आजाद और अन्य वकील भी मौजूद थे।

एक अन्य आरोपी से भी पूछताछ
पुलिस ने इस मामले में स्वतंत्र भारद्वाज के साथ एक अन्य आरोपी सूरज कुमार को भी हिरासत में लेकर पूछताछ की थी। पुलिस का कहना था कि घटना के बाद दोनों से पूछताछ की गई और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है। रिपोर्टों के मुताबिक, नाबालिग को कथित तौर पर धमकी देने से जुड़ा एक अलग POCSO मामला भी दर्ज किया गया है।

अब 21 सितंबर को होगी अगली पेशी
फिलहाल स्वतंत्र भारद्वाज न्यायिक हिरासत में तिहाड़ जेल में हैं। सोमवार को कोर्ट ने उनकी हिरासत 21 सितंबर तक बढ़ा दी। अब मामले में अगली सुनवाई और उनकी पेशी 21 सितंबर को होगी। मामले में मारपीट, SC/ST Act और अन्य आरोपों को लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है। आरोपों की पुष्टि या दोष तय होना अदालत के अंतिम निर्णय पर निर्भर करेगा।