तेलंगाना: भारत राष्ट्र समिति (BRS) के कार्यकारी अध्यक्ष के. टी. रामाराव (KTR) ने रामागुंडम में 'सिंगरेनी कर्मिका गर्जना' के दौरान सत्ताधारी कांग्रेस सरकार और BJP पर तीखा हमला किया। उन्होंने राज्य के नेतृत्व पर सार्वजनिक क्षेत्र की कोयला खनन कंपनी और कोलियरीज कंपनी लिमिटेड (SCCL) को निजीकरण एवं वित्तीय बर्बादी की ओर धकेलने का आरोप लगाया।
कोयले के स्टॉक और वित्तीय लेनदेन पर लगाया आरोप
बुधवार, 14 अक्टूबर को पेद्दापल्ली जिले के गोदावरीखनी में आयोजित ‘सिंगरेनी कर्मचारी गर्जना’ जनसभा को संबोधित करते हुए के. टी. रामाराव ने कंपनी के कामकाज, कोयले के स्टॉक और वित्तीय लेनदेन में कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। रामाराव ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी सिंगरेनी कोलियरीज कंपनी लिमिटेड (SCCL) को निजी हाथों में सौंपने की साजिश रच रहे हैं।
मौजूदा प्रशासन के कामकाज की कमियों की ओर किया इशारा
मौजूदा प्रशासन के तहत कामकाज में भारी कमियों की ओर इशारा करते हुए के.टी. रामाराव ने कहा, राज्य-समर्थित थर्मल संयंत्रों में उत्पादन में भारी गिरावट आई है। हमने 4,000 मेगावाट क्षमता वाला डामरचेरला थर्मल पावर प्लांट बनाया था। आज, कांग्रेस सरकार 400 मेगावाट बिजली भी पैदा नहीं कर रही है। सिंगरेनी प्रबंधन ने हमें बताया कि सरकार पर उनका 60,000 करोड़ बकाया है।
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