Richa Ghosh: भारतीय महिला क्रिकेट टीम की विकेटकीपर बल्लेबाज ऋचा घोष ने चल रहे एशियाई खेलों में भारत द्वारा स्वर्ण पदक जीतने के बाद अपनी खुशी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि टीम ने स्वर्ण पदक जीतने के स्पष्ट लक्ष्य के साथ टूर्नामेंट में प्रवेश किया था और उस लक्ष्य को हासिल होते देखकर उन्हें बेहद खुशी हुई।

घोष ने टीम के सामूहिक प्रयास की भी सराहना की और कहा कि वह व्यक्तिगत रूप से परिणाम से बहुत प्रसन्न हैं। भारत ने मंगलवार को महिला टी20 क्रिकेट के फाइनल में श्रीलंका को 147 रनों से हराकर एशियाई खेलों में लगातार दूसरी बार स्वर्ण पदक जीता। इस जीत के साथ ही भारत ने मौजूदा संस्करण का अपना पहला स्वर्ण पदक भी हासिल किया।

मैं बहुत खुश हूं-ऋचा घोष 

भारतीय महिला क्रिकेट टीम की विकेटकीपर बल्लेबाज ऋचा घोष ने फाइनल में 22 गेंदों पर नाबाद 49 रन की धमाकेदार पारी खेली थी। उनकी इस तूफानी पारी में 6 चौके और 3 छक्के शामिल थे।

उन्होंने श्रीलंकाई गेंदबाजों की धूलाई 222.72 के स्ट्राइक रेट से की थी, जिसकी बदौलत भारतीय टीम पहले बैटिंग करते हुए 20 ओवर में 216 रन बनाने में सफल रही। फाइनल जीतने के बाद घोष ने कहा, 

"मैं बहुत खुश हूं क्योंकि सभी खिलाड़ी स्वर्ण पदक जीतने के लक्ष्य से खेल रहे थे। जब हमने टूर्नामेंट शुरू किया था, तब हमारा एकमात्र उद्देश्य स्वर्ण पदक जीतना था। इसलिए, मुझे लगता है कि हम सभी परिणाम से बहुत खुश हैं, और व्यक्तिगत रूप से, मैं बहुत अच्छा महसूस कर रहा हूं।" 

हम आत्मविश्वास से भरे हुए थे-घोष

विकेटकीपर बल्लेबाज ऋचा घोष ने खुलासा किया कि वह इस यहां आने से पहले ही आत्मविश्वास से भरे हुए थे। टीम का एकमात्र लक्ष्य अच्छा क्रिकेट खेलना था। उन्होंने कहा, 

"एशिया कप के बाद जब हम यहां आए, तो हम आत्मविश्वास से भरे हुए थे। हमारा लक्ष्य अच्छा क्रिकेट खेलना, टीम के रूप में अच्छा प्रदर्शन करना और हर मैच जीतना था। हम जानते थे कि हमें अपने पदक का बचाव करना है, इसलिए हमारा पूरा ध्यान सिर्फ अच्छा खेलने और एक-एक मैच पर ध्यान केंद्रित करने पर था। हमने चीजों को सरल रखा और अपने लक्ष्य पर ध्यान केंद्रित रखा।"

भारत ने जीता गोल्ड मेडल

भारत और श्रीलंका के बीच एशियन गेम्स 2026 महिला क्रिकेट प्रतियोगिता का फाइनल मैच खेला गया था। कोरोगी स्पोर्ट्स पार्क, निशिन में खेले गए मैच में भारत ने टॉस जीता और पहले बैटिंग का फैसला किया।

भारत की ओर से स्वर्ण पदक मुकाबले में शेफाली वर्मा (48), स्मृति मंधाना (79) और ऋचा घोष (नाबाद 49) ने बेहतरीन पारियां खेलीं, जिसकी बदौलत टीम इंडिया निर्धारित 20 ओवर में 216 के स्कोर तक पहुंच सका। इसके बाद लक्ष्य का पीछा करने उतरी श्रीलंकाई टीम 15.4 ओवर में 69 रन पर सिमट गई और रजत पदक से संतोष करना पड़ा।

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