PM Modi-Akie Abe Meeting: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को जापान के पूर्व प्रधानमंत्री शिंजो आबे की पत्नी अकी आबे से मुलाकात की। इस दौरान पीएम मोदी ने दिवंगत शिंजो आबे को एक दूरदर्शी नेता और अपना करीबी मित्र बताते हुए भारत-जापान संबंधों को मजबूत करने में उनके योगदान को याद किया।

 प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर मुलाकात की तस्वीरें साझा करते हुए कहा कि अकी आबे का भारत से लंबे समय से जुड़ाव बेहद खास है। उन्होंने शिंजो आबे को ऐसा नेता बताया, जिन्होंने भारत और जापान के रिश्तों को नई ऊंचाई तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।

 वाराणसी में एक दिन पहले हुआ था बड़ा सम्मान

 पीएम मोदी और अकी आबे की मुलाकात ऐसे समय हुई है, जब एक दिन पहले ही वाराणसी में शिंजो आबे मेमोरियल कॉरिडोर का उद्घाटन किया गया था। वाराणसी के रुद्राक्ष इंटरनेशनल कोऑपरेशन एंड कन्वेंशन सेंटर में बनाए गए इस विशेष कॉरिडोर को शिंजो आबे की स्मृति और भारत-जापान दोस्ती में उनके योगदान को समर्पित किया गया है। इसका उद्घाटन उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और अकी आबे ने संयुक्त रूप से किया था।

 अकी आबे बोलीं- पति की यादें ताजा हो गईं

 मेमोरियल कॉरिडोर के उद्घाटन के दौरान अकी आबे ने इस सम्मान के लिए भारत का आभार जताया। उन्होंने कहा कि अपने पति के नाम पर बनाए गए इस स्मारक को देखकर वह भावुक हुईं और शिंजो आबे की भारत यात्रा से जुड़ी पुरानी यादें उनके सामने आ गईं। कॉरिडोर में भारत-जापान संबंधों के विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण पलों की तस्वीरें लगाई गई हैं। इनमें दिसंबर 2015 में शिंजो आबे की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ वाराणसी यात्रा की तस्वीरें भी शामिल हैं।

 रुद्राक्ष सेंटर से भी जुड़ी थी आबे की याद

 वाराणसी का रुद्राक्ष इंटरनेशनल कोऑपरेशन एंड कन्वेंशन सेंटर भी भारत-जापान दोस्ती का एक खास प्रतीक माना जाता है। इसके निर्माण में जापान का सहयोग रहा है।प्रधानमंत्री मोदी पहले भी बता चुके हैं कि जब शिंजो आबे वाराणसी आए थे, तब दोनों नेताओं के बीच रुद्राक्ष सेंटर की योजना को लेकर चर्चा हुई थी। पीएम मोदी और आबे के बीच व्यक्तिगत दोस्ती को भी भारत-जापान संबंधों की मजबूती में अहम माना जाता रहा है।

 'स्पेशल स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप' तक पहुंची दोस्ती

 शिंजो आबे के कार्यकाल में भारत और जापान के रिश्तों को और मजबूत बनाने पर खास जोर दिया गया। दोनों देशों के संबंध Special Strategic and Global Partnership तक पहुंचे। भारत ने शिंजो आबे के योगदान को देखते हुए उन्हें मरणोपरांत वर्ष 2021 में देश के दूसरे सबसे बड़े नागरिक सम्मान पद्म विभूषण से भी सम्मानित किया था। पीएम मोदी ने एक बार फिर अकी आबे से मुलाकात के दौरान शिंजो आबे को याद करते हुए उनके योगदान को सम्मान दिया। यह मुलाकात भारत और जापान के बीच लंबे समय से चले आ रहे मजबूत रिश्तों और दोनों देशों के नेताओं के बीच व्यक्तिगत जुड़ाव को भी सामने लाती है।