गढ़चिरौली जिले के भामरागढ़ तालुका में बाढ़ के हालात के बीच तीन गंभीर रूप से बीमार मरीजों को बेहतर इलाज के लिए हेदरी ले जाया गया। जिला प्रशासन ने मरीजों की गंभीर स्थिति को देखते हुए इमरजेंसी इवैक्युएशन ऑपरेशन चलाया। जिला कलेक्टर अविश्यंत पांडा के मार्गदर्शन में अधिकारियों ने मरीजों को समय पर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए विशेष इंतजाम किए।

7 साल की बच्ची को किया गया एयरलिफ्ट

इवैक्युएशन किए गए मरीजों में सात वर्षीय संगीता चुक्कू उसेंडी भी शामिल है। उसे शनिवार को बिनागुंडा से लाहेरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया था। हालत गंभीर होने के कारण रविवार को उसे लाहेरी से हेदरी के एक अस्पताल के लिए एयरलिफ्ट किया गया।

इसके अलावा अपेक्षा ऋषि आलम और रोशन चाइना मडावी को भी आगे के इलाज के लिए हेदरी पहुंचाया गया। अधिकारियों के अनुसार, इनमें से एक मरीज सिकल सेल बीमारी से पीड़ित है और उसे अतिरिक्त चिकित्सा सहायता की आवश्यकता थी।

हेलीकॉप्टर से किया गया रेस्क्यू

मरीजों को निकालने के लिए लॉयड्स मेटल्स का हेलीकॉप्टर तत्काल भेजा गया, जो क्षेत्र में मेडिकल इमरजेंसी के लिए उपलब्ध था। ट्राइबल डेवलपमेंट प्रोजेक्ट ऑफिसर अमर राउत और भामरागढ़ के तहसीलदार किशोर बागड़े ने मरीजों को सुरक्षित स्थानांतरित करने की व्यवस्था का समन्वय किया। निर्मला आलम और चीना कुड्यामी भी रेस्क्यू के दौरान उनके साथ मौजूद थीं।

बाढ़ प्रभावित इलाकों में जारी राहत अभियान

यह ऑपरेशन भामरागढ़ में चलाए जा रहे बड़े राहत और बचाव अभियान का हिस्सा है। पड़ोसी छत्तीसगढ़ में भारी बारिश के बाद बाढ़ की स्थिति को देखते हुए गढ़चिरौली प्रशासन ने करीब 525 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया है।

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इससे पहले बिनागुंडा आश्रम स्कूल की एक बीमार छात्रा को NDRF की मदद से गुंडेनूर नाले को पार कराकर लाहेरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया था। पानी का स्तर अब कम होने लगा है, लेकिन प्रशासन ने नदी किनारे और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों से सतर्क रहने और सरकारी निर्देशों का पालन करने की अपील की है।