रांची: झारखंड कांग्रेस सोमवार, 28 सितंबर को मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) के रांची स्थित कार्यालय का घेराव करेगी। इसके अलावा पार्टी की ओर से राज्य के सभी जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन किया जाएगा। कांग्रेस ने मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की है।

झारखंड प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने किया प्रेस कॉन्फ्रेंस

झारखंड प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश ने रविवार को पार्टी के प्रदेश मुख्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान आरोप लगाया कि निर्वाचन आयोग भारतीय जनता पार्टी (BJP) के एजेंट के तौर पर काम कर रहा है और चुनावों में BJP को अनुचित लाभ पहुंचा रहा है।

उन्होंने कहा कि लोकतंत्र और नागरिकों के मतदान अधिकारों की रक्षा के लिए कांग्रेस कार्यकर्ता सभी जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन करेंगे और रांची में CEO कार्यालय का घेराव करेंगे। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन के दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग भी की जाएगी।

चुनाव आयोग के फैसलों पर सवाल

झारखंड कांग्रेस ने यह फैसला द इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के बाद लिया है। रिपोर्ट के मुताबिक, चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने पिछले 10 महीनों में कम से कम 14 बार कुछ फैसलों और आदेशों पर आपत्ति दर्ज की। रिपोर्ट में दावा किया गया कि इन फैसलों को उनकी जानकारी के बिना जारी किए जाने पर दोनों चुनाव आयुक्तों ने रिकॉर्ड पर अपनी आपत्तियां दर्ज कराईं।

रिपोर्ट के अनुसार, इन आपत्तियों में वैधानिक मतदाता पंजीकरण फॉर्म-6 में बदलाव, मतदाता सूची में नाम जोड़ने और हटाने की प्रक्रिया तथा चुनावी रोल के डेटाबेस पर केंद्रीकृत नियंत्रण जैसे मुद्दे शामिल थे।

SIR को लेकर कांग्रेस का आरोप

केशव महतो कमलेश ने आरोप लगाया कि निर्वाचन आयोग ने स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) का दुरुपयोग किया, जिससे BJP को बिहार और पश्चिम बंगाल के चुनावों में फायदा मिला। उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा लगातार उठाए जा रहे 'वोट चोरी' के मुद्दे का भी उल्लेख किया।

कमलेश ने आरोप लगाया कि कांग्रेस के पारंपरिक मतदाताओं, खासकर दलितों और अल्पसंख्यकों को निशाना बनाया जा रहा है।

CEC ने अपने अधिकार क्षेत्र से आगे जाकर नई प्रक्रियाएं लागू कीं

वहीं, कांग्रेस विधायक दल के नेता प्रदीप यादव ने आरोप लगाया कि CEC ने अपने अधिकार क्षेत्र से आगे जाकर मतदाता सूची से नाम हटाने के लिए नई प्रक्रियाएं लागू कीं।

उन्होंने दावा किया कि नए मतदाताओं के पंजीकरण के लिए फॉर्म-6 की प्रक्रिया को जटिल बनाया गया है। यादव ने यह भी आरोप लगाया कि बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाए जा रहे हैं और इससे देशभर में आक्रोश है।

BJP विरोधी मतदाताओं के नाम हटाने के प्रयास

कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि मतदाता सूची से BJP विरोधी मतदाताओं के नाम हटाने के प्रयास किए जा रहे हैं। इन आरोपों पर निर्वाचन आयोग और BJP की ओर से प्रतिक्रिया इस रिपोर्ट के समय उपलब्ध नहीं थी।

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