Panchang Today: आज 30 सितंबर, बुधवार को भाद्रपद महीने के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि है। आज संकष्टी चतुर्थी का व्रत रखा जा रहा है। भगवान गणेश को समर्पित इस व्रत में चंद्रोदय का विशेष महत्व माना जाता है। व्रत रखने वाले श्रद्धालु शाम को गणेश पूजा के बाद चंद्रमा को अर्घ्य देते हैं और इसके बाद व्रत का पारण करते हैं। ऐसे में आज पूजा-पाठ और शुभ कार्यों की योजना बनाने से पहले तिथि, नक्षत्र, राहुकाल और चंद्रोदय का समय जानना जरूरी है।

आज का पंचांग 

तारीख:   30 सितंबर 2026
वार:       बुधवार
तिथि:      कृष्ण पक्ष चतुर्थी, दोपहर 2:56 बजे तक
नक्षत्र:      भरणी, सुबह 7:37 बजे तक, फिर कृत्तिका
योग:       वज्र
सूर्योदय:   सुबह 6:19 बजे
सूर्यास्त:    शाम 6:15 बजे
चंद्रोदय:    रात 8:36 बजे के आसपास
राहुकाल:   दोपहर 12:17 से 1:46 बजे तक
पर्व:         संकष्टी चतुर्थी

आज की तिथि और नक्षत्र

आज भाद्रपद कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि दोपहर करीब 2:56 बजे तक रहेगी। इसके बाद पंचमी तिथि शुरू हो जाएगी। सुबह 7:37 बजे तक भरणी नक्षत्र रहेगा, इसके बाद कृत्तिका नक्षत्र लग जाएगा। आज वज्र योग रहेगा। हिंदू पंचांग में तिथि और नक्षत्र के आधार पर दिन के धार्मिक कार्यों और शुभ मुहूर्त को देखा जाता है। इसलिए किसी भी महत्वपूर्ण काम से पहले पंचांग देखना परंपरा का हिस्सा है।

संकष्टी चतुर्थी आज, गणेश पूजा का महत्व

आज संकष्टी चतुर्थी होने की वजह से गणेश भक्तों के लिए दिन विशेष है। इस दिन भगवान गणेश की पूजा की जाती है और कई श्रद्धालु व्रत रखते हैं। धार्मिक मान्यता के अनुसार गणेश जी को विघ्नहर्ता कहा जाता है और उनकी पूजा से जीवन की बाधाएं दूर होने की कामना की जाती है।

संकष्टी चतुर्थी के व्रत में चंद्रोदय के बाद पूजा और चंद्रमा को अर्घ्य देने की परंपरा है। इसलिए आज चंद्रोदय का समय विशेष रूप से महत्वपूर्ण रहेगा।

आज कितने बजे होगा चंद्रोदय?

आज चंद्रोदय करीब रात 8:36 बजे माना जा रहा है। हालांकि स्थान के अनुसार चंद्रोदय के समय में कुछ अंतर हो सकता है। व्रत रखने वाले श्रद्धालु अपने स्थानीय पंचांग के अनुसार चंद्रमा के दर्शन के बाद अर्घ्य देकर व्रत का पारण कर सकते हैं।

आज का राहुकाल

आज बुधवार होने के कारण राहुकाल दोपहर 12:17 बजे से 1:46 बजे तक रहेगा। धार्मिक मान्यता के अनुसार राहुकाल में शुभ कार्य शुरू करने से बचा जाता है। इसके अलावा आज यमगंड सुबह 7:48 से 9:18 बजे तक और गुलिक काल सुबह 10:47 से दोपहर 12:17 बजे तक रहेगा।

आज का शुभ समय

आज दिन में कई शुभ चौघड़िया भी रहेंगे। सुबह 6:19 से 7:48 बजे तक लाभ, 7:48 से 9:18 बजे तक अमृत और 10:47 बजे से 12:17 बजे तक शुभ चौघड़िया रहेगा। शाम को 4:45 से 6:15 बजे तक लाभ का समय रहेगा। शुभ समय का उपयोग पूजा-पाठ और धार्मिक कार्यों के लिए किया जा सकता है। किसी बड़े या महत्वपूर्ण कार्य के लिए स्थानीय पंचांग के अनुसार समय देखना बेहतर माना जाता है।

आज का सूर्योदय और सूर्यास्त

आज सूर्योदय करीब सुबह 6:19 बजे और सूर्यास्त करीब शाम 6:15 बजे होगा। दिन की शुरुआत सूर्य देव को जल अर्पित करके करने की धार्मिक परंपरा है।

संकष्टी चतुर्थी पर क्या करें?

संकष्टी चतुर्थी पर सुबह स्नान के बाद भगवान गणेश की पूजा की जाती है। गणेश जी को दूर्वा, फूल और मोदक या लड्डू अर्पित किए जाते हैं। भक्त अपनी श्रद्धा के अनुसार गणेश मंत्र का जाप भी करते हैं। आज पूजा के दौरान ‘ॐ गं गणपतये नमः’ मंत्र का जाप किया जा सकता है। शाम को चंद्रोदय के बाद चंद्रमा को अर्घ्य देकर गणेश जी की पूजा करने के बाद व्रत खोलने की परंपरा है।