मानसून की विदाई से पहले देश के कई हिस्सों में एक बार फिर मौसम का मिजाज बदलने वाला है। मौसम विभाग ने 21 सितंबर को उत्तर प्रदेश, बिहार समेत 14 राज्यों में भारी बारिश, आंधी और बिजली गिरने को लेकर अलर्ट जारी किया है। इस दौरान कई इलाकों में 60 से 65 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है। वहीं, पहाड़ी राज्यों में भारी बारिश के कारण लैंडस्लाइड का खतरा बढ़ सकता है। पूर्वी राज्यों में वज्रपात और बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। लगातार बारिश के चलते पूर्वी भारत की नदियों का जलस्तर बढ़ने की भी चेतावनी जारी की गई है। ऐसे में पहाड़ी इलाकों की यात्रा करने वालों को मौसम विभाग के अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है।
बंगाल की खाड़ी में बने सिस्टम का असर
मौसम विभाग के मुताबिक, पूर्वी-मध्य बंगाल की खाड़ी और इससे सटे उत्तरी अंडमान सागर के ऊपर कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। इसके और मजबूत होने की संभावना है, जिसके असर से देश के कई राज्यों में आने वाले दिनों में बारिश की गतिविधियां तेज हो सकती हैं। इस सिस्टम के प्रभाव से 22 से 24 सितंबर के बीच उत्तरी तटीय आंध्र प्रदेश में भारी बारिश हो सकती है। वहीं, 22 से 25 सितंबर तक दक्षिणी ओडिशा, 23 से 25 सितंबर तक छत्तीसगढ़ और तेलंगाना में बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। इसके अलावा 24 और 25 सितंबर को विदर्भ के कुछ हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान जताया गया है।
उत्तर-पश्चिम भारत में बारिश की दस्तक
उत्तर-पश्चिम भारत की बात करें तो पूर्वी उत्तर प्रदेश में 25 और 26 सितंबर को गरज-चमक के साथ तेज बारिश की संभावना है। इस दौरान बिजली गिरने का खतरा भी बना रहेगा। उत्तर-पश्चिम भारत के बाकी हिस्सों में कहीं-कहीं हल्की बारिश और आंधी देखने को मिल सकती है। दिल्ली में आज बारिश की संभावना नहीं है, जबकि राजस्थान के कुछ इलाकों में हल्की बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया गया है। हिमाचल प्रदेश के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हल्की बारिश हो सकती है। वहीं, पंजाब में फिलहाल बारिश को लेकर कोई चेतावनी नहीं है। उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग, चमोली और नैनीताल में हल्की बारिश की संभावना जताई गई है, जबकि जम्मू-कश्मीर के रामबन, राजौरी, रियासी और कठुआ में भी बूंदाबांदी हो सकती है।
पूर्वी भारत में बदलेगा मौसम का मिजाज
पूर्वी भारत में भी मौसम सक्रिय रहने वाला है। बिहार में 21 से 26 सितंबर के बीच कई इलाकों में अच्छी बारिश होने की संभावना है। इसके अलावा झारखंड, ओडिशा, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 21 से 26 सितंबर तक बारिश का दौर जारी रह सकता है। पश्चिम बंगाल के गंगा के मैदानी इलाकों में 22 से 25 सितंबर के बीच बारिश होने का अनुमान है। ओडिशा में 21 और 22 सितंबर को आंधी, बिजली गिरने और तेज हवाओं के साथ बारिश हो सकती है। इस दौरान हवा की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक रह सकती है, जबकि तेज झोंकों में यह 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। झारखंड में भी 21 सितंबर को तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।
मध्य भारत में बारिश बढ़ाएगी मुश्किले
मध्य भारत में भी बारिश का असर देखने को मिलेगा। मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और विदर्भ के कई हिस्सों में 21 से 26 सितंबर तक गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। पश्चिमी मध्य प्रदेश में 25 और 26 सितंबर तथा पूर्वी मध्य प्रदेश में 23 से 26 सितंबर के दौरान बारिश की संभावना है। दक्षिणी छत्तीसगढ़ में 24 सितंबर को भारी से बहुत भारी बारिश के साथ कुछ इलाकों में अत्यधिक बारिश होने का अनुमान जताया गया है।
पूर्वोत्तर भारत में भी मौसम रहेगी खराब
पूर्वोत्तर भारत में भी मौसम खराब रहने की संभावना है। असम और मेघालय में 23 से 25 सितंबर के बीच भारी बारिश हो सकती है। वहीं, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 21 सितंबर तथा 22 से 24 सितंबर के बीच गरज-चमक के साथ बारिश होने का अनुमान है। अरुणाचल प्रदेश में 21 से 26 सितंबर तक भारी बारिश और आंधी को लेकर अलर्ट जारी किया गया है।
दक्षिण भारत में बारिश का सिलसिला जारी
दक्षिण भारत के कई राज्यों में भी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। रायलसीमा, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 21 से 26 सितंबर तक भारी बारिश की संभावना है। केरल और माहे में 22, 23 और 26 सितंबर को तेज बारिश हो सकती है। इसके अलावा तटीय कर्नाटक, उत्तरी आंतरिक कर्नाटक और दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक में 26 सितंबर को भारी बारिश का अनुमान है। तटीय आंध्र प्रदेश और यनम में 25 और 26 सितंबर को भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतें और खासकर पहाड़ी क्षेत्रों की यात्रा से पहले मौसम की ताजा जानकारी जरूर हासिल करें।