CEC Gyanesh Kumar: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर एक नया विवाद सामने आया है। केरल के पूर्व मुख्य सचिव जिजी थॉमसन ने दावा किया है कि 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले एक फ्लाइट यात्रा के दौरान ज्ञानेश कुमार ने उनसे भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ने की पेशकश की थी। यह दावा सामने आने के बाद चुनाव आयोग को लेकर चल रही राजनीतिक बहस और तेज हो गई है।

थॉमसन ने मलयालम मीडिया प्लेटफॉर्म ऑनमनोरमा से बातचीत में कहा कि उस समय वह केरल के मुख्य सचिव थे और दिल्ली की फ्लाइट में उनकी मुलाकात ज्ञानेश कुमार से हुई थी। उनके मुताबिक, बातचीत के दौरान ज्ञानेश कुमार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ करते हुए पूछा कि क्या वह 2019 के लोकसभा चुनाव में पठानमथिट्टा सीट से भाजपा उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ने में रुचि रखते हैं।

'केंद्रीय मंत्री बनने तक की बात कही'

थॉमसन का कहना है कि उन्होंने यह प्रस्ताव तुरंत ठुकरा दिया। उनका दावा है कि बातचीत के दौरान यह भी कहा गया था कि अगर वह चुनाव लड़ते हैं तो आगे चलकर केंद्रीय मंत्री बनने का अवसर भी मिल सकता है।उन्होंने कहा कि उन्हें सबसे ज्यादा हैरानी इस बात की हुई कि यह पेशकश किसी राजनीतिक नेता की बजाय एक कार्यरत IAS अधिकारी की ओर से आई थी।

राहुल गांधी ने साधा निशाना

इस दावे के सामने आने के बाद कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने भी सोशल मीडिया पर केंद्र सरकार और मुख्य चुनाव आयुक्त को निशाने पर लिया।राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि पहले ज्ञानेश कुमार का इस्तेमाल भाजपा के लिए लोगों को जोड़ने में किया गया और बाद में उन्हें मुख्य चुनाव आयुक्त बनाकर चुनावी प्रक्रिया की जिम्मेदारी दी गई।

SIR विवाद के बीच बढ़ी चर्चा

यह दावा ऐसे समय सामने आया है जब चुनाव आयोग पहले से ही मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर विपक्ष के निशाने पर है।इसी बीच चुनाव आयोग ने दिल्ली और महाराष्ट्र में दावे और आपत्तियां दाखिल करने की समय-सीमा बढ़ाने का फैसला किया है। आयोग के मुताबिक, यह फैसला संबंधित राज्यों के मुख्य निर्वाचन अधिकारियों के अनुरोध पर लिया गया है।