लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार 16, अक्टूबर को दिल्ली में जारी विरोध प्रदर्शनों को लेकर कांग्रेस और विपक्षी दलों पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में सत्ता का रास्ता केवल जनता के जनादेश से तय होता है, न कि सड़कों पर होने वाले हंगामे से।
भारत का लोकतंत्र एक विशाल बरगद के पेड़ के समान
CM योगी आदित्यनाथ ने भारत के लोकतंत्र की तुलना एक विशाल बरगद के पेड़ से करते हुए लोकतांत्रिक संस्थाओं की मजबूती पर जोर दिया। उन्होंने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि वह चुनावी प्रक्रिया और संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल उठाकर राजनीतिक माहौल को प्रभावित करने की कोशिश कर रही है।
लोकतंत्र में सत्ता का रास्ता जनता के जनादेश से निकलता
मुख्यमंत्री योगी ने भारत में "बांग्लादेश जैसी" राजनीतिक उथल-पुथल पैदा करने की कोशिशों के प्रति आगाह करते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर एक पोस्ट में कहा कि, "लोकतंत्र में सत्ता का रास्ता जनता के जनादेश से निकलता है, न कि अराजकता से। जो लोग बांग्लादेश की तर्ज पर भारत में सत्ता परिवर्तन का सपना देख रहे हैं, वे युवाओं के हाथों में राष्ट्र-निर्माण की मशाल के बजाय अराजकता के हथियार थमाना चाहते हैं।"
युवाओं को संकीर्ण राजनीतिक का मोहरा नहीं बनने देंगे
उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि, "जो लोग चुनावी सुधार, न्याय और लोकतंत्र की दुहाई देकर देश में अस्थिरता के बीज बो रहे हैं, उन्हें यह समझ लेना चाहिए कि भारत का लोकतंत्र जन-विश्वास की जड़ों पर टिका एक विशाल बरगद का पेड़ है, जिसे साजिशों के तूफान से हिलाया नहीं जा सकता।" विरोध प्रदर्शनों का नेतृत्व करने वालों पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि देश के युवाओं को संकीर्ण राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं को मोहरा नहीं बनने दिया जाएगा। "हमारी युवा शक्ति भारत का भविष्य संवारने के लिए है, न कि किसी की सत्ता की प्यास बुझाने के लिए।“