
अपाचे हेलीकॉप्टर को मार गिराए जाने के बाद अमेरिका और ईरान के बीच तनाव तेजी से बढ़ता नजर आ रहा है। दोनों देशों के बीच सैन्य कार्रवाई लगातार दूसरे दिन भी जारी रही। अमेरिकी सेना ने ईरान के कई रणनीतिक ठिकानों पर हमले किए, जबकि जवाबी कार्रवाई में तेहरान ने भी अमेरिकी सैन्य अड्डों को निशाना बनाया। इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी है कि ईरान के खिलाफ अभियान और अधिक तीव्र किया जाएगा।
अमेरिकी बलों ने पश्चिमी तेहरान के कई इलाको पर किया हमला
ट्रंप के बयान के कुछ समय बाद अमेरिकी बलों ने पश्चिमी तेहरान, फार्स प्रांत, बंदर अब्बास, केशम द्वीप समेत कई क्षेत्रों में कार्रवाई की। रिपोर्टों के अनुसार गोरगन, सिरकी और मीनाब जैसे शहर भी हमलों की चपेट में आए। बढ़ते खतरे को देखते हुए पश्चिमी तेहरान और फार्स क्षेत्र में वायु रक्षा प्रणालियों को सक्रिय कर दिया गया।
अमेरिकी सेंट्रल कमांड पर कही ये बात
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर जारी बयान में कहा कि राष्ट्रपति के निर्देश पर ईरान के विभिन्न ठिकानों पर अतिरिक्त रक्षात्मक हमले किए गए हैं। कमांड का दावा है कि यह कार्रवाई ईरान की ओर से की गई आक्रामक गतिविधियों के जवाब में की गई। वहीं होर्मुज जलडमरूमध्य के निकट स्थित बंदर अब्बास क्षेत्र में कई विस्फोटों की खबरें सामने आई हैं।
ट्रंप ने ईरान को दी चेतावनी
इससे पहले ट्रंप ने कहा था कि अमेरिका ईरान पर अपना दबाव और बढ़ाएगा, उन्होंने यह भी कहा कि शांति समझौते को लेकर तेहरान ने पर्याप्त सहयोग नहीं किया है। अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने भी संकेत दिए कि अमेरिका ईरान के महत्वपूर्ण सैन्य और रणनीतिक ठिकानों को निशाना बना सकता है। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लिखते हुए कहा कि ईरान ने वार्ता प्रक्रिया में काफी समय गंवाया है और अब उसे इसके परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं।
ईरान ने अमेरिकी कार्रवाई का जवाब देने का किया दावा
वहीं, ईरान ने भी अमेरिकी कार्रवाई का जवाब देने का दावा किया है। इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के अनुसार कुवैत स्थित अली अल-सलेम और अहमद अल-जाबेर सैन्य अड्डों के साथ-साथ बहरीन के शेख ईसा एयरबेस पर मौजूद अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाया गया। ईरानी पक्ष का कहना है कि कुल 18 महत्वपूर्ण अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर कार्रवाई की गई है।
क्षेत्र में गुजर रहे जहाजों पर आईआरजीसी की कार्रवाई
तनाव के बीच ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य में आवाजाही पर सख्ती बढ़ा दी है। रिपोर्टों के अनुसार क्षेत्र में गुजर रहे दो जहाजों पर भी आईआरजीसी ने कार्रवाई की है। इससे वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और क्षेत्रीय सुरक्षा को लेकर नई चिंताएं पैदा हो गई हैं।
Written By Toshi Shah















