
गर्मी का असर सिर्फ इंसानों पर ही नहीं, बल्कि स्मार्टफोन जैसे इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस पर भी साफ दिखाई देता है। तेज तापमान में फोन का ओवरहीट होना आजकल एक आम समस्या बन चुका है। कई बार फोन इतना गर्म हो जाता है कि उसे हाथ में पकड़ना भी मुश्किल हो जाता है। लगातार गेमिंग, वीडियो रिकॉर्डिंग, चार्जिंग के दौरान इस्तेमाल या फिर फोन को धूप में छोड़ देने जैसी आदतें इसकी बड़ी वजह बनती हैं। कुछ मामलों में ज्यादा गर्म होने की वजह से फोन में आग लगने या ब्लास्ट जैसी घटनाएं भी सामने आ चुकी हैं। ऐसे में यह जानना जरूरी है कि ओवरहीटिंग का सबसे ज्यादा असर फोन के किस हिस्से पर पड़ता है और इससे बचाव कैसे किया जा सकता है।
सबसे पहले बैटरी पर पड़ता है असर
मोबाइल एक्सपर्ट्स के मुताबिक, फोन ज्यादा गर्म होने पर सबसे पहले उसकी बैटरी प्रभावित होती है। लगातार हाई टेम्परेचर में रहने से बैटरी की क्षमता धीरे-धीरे कम होने लगती है। इसके कारण बैटरी जल्दी खत्म होना, फोन का अचानक बंद हो जाना या बैटरी का फूल जाना जैसी समस्याएं सामने आ सकती हैं। अगर लंबे समय तक ओवरहीटिंग बनी रहे तो इसका असर मदरबोर्ड और प्रोसेसर तक पहुंच सकता है।
फोन गर्म होने की मुख्य वजहें
स्मार्टफोन के गर्म होने के पीछे कई कारण जिम्मेदार होते हैं। लंबे समय तक गेम खेलना, हाई-क्वालिटी वीडियो रिकॉर्ड करना, लगातार वीडियो स्ट्रीमिंग करना और एक साथ कई ऐप्स चलाना फोन पर अतिरिक्त दबाव डालता है। कमजोर नेटवर्क में इंटरनेट इस्तेमाल करने से भी फोन लगातार सिग्नल खोजता रहता है, जिससे प्रोसेसर और बैटरी दोनों पर लोड बढ़ता है। इसके अलावा चार्जिंग के दौरान फोन का इस्तेमाल करना, लोकल या खराब चार्जर का उपयोग करना और फोन का स्टोरेज फुल होना भी ओवरहीटिंग का कारण बन सकता है। कई लोग फोन को चार्जिंग के समय तकिए, गद्दे या चादर पर रख देते हैं, जिससे हीट बाहर नहीं निकल पाती और तापमान तेजी से बढ़ने लगता है।
धूप और बंद जगह में फोन रखना खतरनाक
टेक एक्सपर्ट्स का मानना है कि गर्मियों में फोन को सीधे धूप में या बंद कार के अंदर छोड़ना बेहद जोखिम भरा हो सकता है। कई लोग फोन को जल्दी ठंडा करने के लिए उसे फ्रिज या बर्फ के पास रख देते हैं, लेकिन ऐसा करना नुकसानदायक साबित हो सकता है। अचानक तापमान बदलने से फोन के अंदर नमी बन सकती है, जिससे इंटरनल पार्ट्स खराब होने का खतरा बढ़ जाता है।
फोन ज्यादा गर्म हो जाए तो क्या करें
अगर आपका फोन जरूरत से ज्यादा गर्म हो जाए तो सबसे पहले उसे चार्जिंग से हटाएं। इसके बाद फोन का बैक कवर निकाल दें ताकि गर्मी आसानी से बाहर निकल सके। कुछ देर के लिए फोन को एयरप्लेन मोड पर डालना या स्विच ऑफ कर देना भी फायदेमंद होता है। कमजोर नेटवर्क में फोन लगातार सिग्नल सर्च करता रहता है, जिससे बैटरी और प्रोसेसर पर दबाव बढ़ता है। ऐसे में कुछ समय के लिए मोबाइल डेटा या नेटवर्क बंद करना भी मददगार हो सकता है।
एंड्रॉयड यूजर्स इन सेटिंग्स पर दें ध्यान
एंड्रॉयड यूजर्स वाई-फाई स्कैनिंग और ब्लूटूथ स्कैनिंग जैसी सेटिंग्स बंद कर सकते हैं। जरूरत न होने पर लोकेशन और माइक्रोफोन परमिशन हटाना भी बैटरी बचाने में मदद करता है। अगर आपके फोन में 120Hz डिस्प्ले है, तो रिफ्रेश रेट को 60Hz पर सेट करने से बैटरी की खपत कम होती है और फोन कम गर्म होता है। वहीं, लगातार हीटिंग की समस्या होने पर गर्मियों में फास्ट चार्जिंग फीचर बंद करना भी फायदेमंद माना जाता है।
Written By Toshi Shah















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