PM Modi: चालाक चीन के चाल को मात देगा भारत, इंडिया-चीन में एक बार फिर तनाव की स्थिति देखने को मिल रहा है। अरूणाचल प्रदेश के कई इलाकों में दोनों सेना आमने-सामने है। इसी बीच पीएम मोदी के एक ट्वीट ने हलचल मचा दी है। ITBP के स्थापना दिवस पर प्रधानमंत्री ने अपने एक्स हैंडल से एक ट्वीट किया।
उनके इस ट्वीट के बाद कयासों का बाजार गर्म हो गया है कि क्या आने वाले दिनों में कुछ बड़ा होने जा रहा है। आईए आपको बताते है इससे जुड़ी सभी अहम अपडेट।
भारत-चीन टेंशन के बीच PM Modi के ट्वीट से हलचल तेज
पीएम मोदी ने अपने चीन को लेकर अपने एक्स हैंडल पर लिखा, "ITBP के स्थापना दिवस पर, इसके सभी कर्मियों को बधाई।
ITBP के 'हिमवीरों' ने अपने असाधारण साहस से खुद को साबित किया है।
On their Raising Day, greetings to all personnel of the ITBP. The ITBP Himveers have distinguished themselves through their exceptional valour. They have always risen to every challenge with remarkable determination. Their selfless service and sacrifices are a source of immense inspiration to the nation. @ITBP_official
— Narendra Modi (@narendramodi) October 24, 2026
उन्होंने हमेशा अद्भुत दृढ़ संकल्प के साथ हर चुनौती का सामना किया है। उनकी निस्वार्थ सेवा और बलिदान देश के लिए प्रेरणा का एक बड़ा स्रोत हैं"। इस ट्वीट के बाद कई तरह के कयास लगाए जा रहे है कि क्या प्रधानमंत्री ने इशारों-इशारों में अपनी सेना को पूरी छूट दे दी है।
भारत-चीन टेंशन के बाद क्यों बढ़ी हलचल
मालूम हो कि आईटीबीपी के महानिदेशक ने अपने सैनिकों को संबोधित करते हुए बताया कि, अरूणाचल प्रदेश के कई जगहों पर चीन और भारतीय की सेना आमने सामने है, जवान चीनी सैनिकों को मुंहतोड़ जवाब दे रही है।
इस दौरान उन्होंने शौर्य कमांडों का भी जिक्र किया था। वहीं अब पीएम मोदी के ट्वीट का सार समझे तो उन्होंने आईटीबीपी की जमकर तारीफ की, साथ ही उन्होंन इशारों-इशारों में खुली छूट दे दी है। हालांकि अब देखना होगा कि आने-वाले दिनों में दोनों देशों के बीच क्या स्थिति बनती है।
विदेश मंत्रालय ने दी प्रतिक्रिया
एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए, विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, "जैसा कि हमने पहले भी बताया है, भारत-चीन सीमावर्ती इलाकों में स्थिति समय-समय पर तब बिगड़ जाती है, जब चीनी सेनाएं तय गश्त के तरीकों से हट जाती हैं। दोनों पक्ष 'लाइन ऑफ एक्चुअल कंट्रोल' (LAC) पर लंबित मुद्दों को सुलझाने और किसी भी तरह की गलतफहमी या गलत आकलन से बचने के लिए, मौजूदा राजनयिक और सैन्य तंत्रों का इस्तेमाल कर रहे हैं।
VIDEO | Delhi: Addressing a press conference, MEA spokesperson Randhir Jaiswal says, "As we have noted in the past, the situation in the India-China border areas gets disturbed from time to time when Chinese forces deviate from established patrolling patterns. Both sides continue to use existing diplomatic and military mechanisms to resolve outstanding issues and avoid misunderstandings and miscalculations along the Line of Actual Control (LAC). The two sides have also agreed to discuss ways to improve their understanding of the LAC in appropriate areas for better border management. I would also like to emphasise that the maintenance of peace and tranquillity in the border areas is essential for the overall development of bilateral relations." (Full video available on PTI Videos - https://t.co/bIyFWTfmBd)
— Press Trust of India (@PTI_News) October 23, 2026
दोनों पक्ष सीमा प्रबंधन को बेहतर बनाने के लिए, LAC से जुड़े कुछ इलाकों में आपसी समझ को और बेहतर करने के तरीकों पर चर्चा करने के लिए भी सहमत हुए हैं। मैं इस बात पर भी जोर देना चाहूंगा कि सीमावर्ती इलाकों में शांति और स्थिरता बनाए रखना, दोनों देशों के आपसी संबंधों के समग्र विकास के लिए बहुत जरूरी है।"