नई दिल्ली: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के ‘रेजीम चेंज’ यानी सत्ता परिवर्तन की साजिश वाले आरोप पर कांग्रेस सांसद जयराम रमेश ने पलटवार किया है। उन्होंने पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का जिक्र करते हुए कहा कि लोकतंत्र में विपक्ष का काम सरकार का विरोध करना, उसकी कमियों को उजागर करना और उसे सत्ता से हटाने की कोशिश करना है।
जयराम रमेश ने शुक्रवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि रक्षा मंत्री को पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी की उस बात की याद दिलाने की जरूरत है, जिसमें उन्होंने कहा था कि लोकतंत्र में विपक्ष की भूमिका ‘Oppose, Expose and Depose’ की होती है। प्रणब मुखर्जी को वर्ष 2019 में भारत रत्न से सम्मानित किया गया था।
The Defence Minister needs to be reminded of what the former President Pranab Mukherjee, who was awarded the Bharat Ratna in 2019, would often say: the job of the Opposition in a democracy is to oppose, expose and depose.
— Jairam Ramesh (@Jairam_Ramesh) October 16, 2026
राजनाथ सिंह ने कांग्रेस पर लगाए गंभीर आरोप
जयराम रमेश का यह बयान ऐसे समय आया है, जब चुनाव आयोग की SIR प्रक्रिया को लेकर विपक्षी दलों, INDIA गठबंधन और छात्र संगठनों का विरोध प्रदर्शन जारी है।
इससे पहले रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने आरोप लगाया था कि कांग्रेस और उसके सहयोगी दल चुनाव आयोग के खिलाफ युवाओं के नेतृत्व में हो रहे प्रदर्शनों का इस्तेमाल राजनीतिक अशांति फैलाने के लिए कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि विपक्ष बांग्लादेश में हुए घटनाक्रम की तर्ज पर भारत में सत्ता परिवर्तन की कोशिश कर रहा है।
राजनाथ सिंह ने कहा कि दिल्ली में पिछले कुछ दिनों में हुए घटनाक्रम कई गंभीर सवाल खड़े करते हैं। उनके मुताबिक, कांग्रेस और उसके सहयोगी संगठन युवाओं की ऊर्जा को राष्ट्र निर्माण के बजाय राजनीतिक टकराव और अराजकता फैलाने के लिए इस्तेमाल करने की कोशिश कर रहे हैं।
‘युवाओं को बनाया जा रहा राजनीति का मोहरा’
रक्षा मंत्री ने आरोप लगाया कि देश के युवाओं को अराजकता की राजनीति में मोहरे के तौर पर इस्तेमाल किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कुछ लोग बांग्लादेश के घटनाक्रम से प्रेरणा लेने की बात करते हैं, जबकि कुछ खुले तौर पर सरकार को गिराने की मांग कर रहे हैं।
राजनाथ सिंह के अनुसार, विपक्ष का उद्देश्य चुनाव सुधार या SIR से जुड़ा नहीं है, बल्कि देश में अव्यवस्था पैदा करके सत्ता हासिल करना है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि INDIA गठबंधन मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और चुनाव सुधारों से जुड़े मुद्दों को राजनीतिक अशांति फैलाने के बहाने के तौर पर इस्तेमाल कर रहा है।
राहुल गांधी को भी दी नसीहत
राजनाथ सिंह ने कहा कि देश की संवैधानिक संस्थाओं को राजनीतिक हितों के लिए निशाना नहीं बनाया जाना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि संस्थाओं की छवि खराब करने और राजनीतिक अवसरवाद से देश की विकास यात्रा प्रभावित हो सकती है।
उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें व्यवधान की राजनीति करने के बजाय जनता के जनादेश का सम्मान करना चाहिए और अपनी राजनीतिक भूमिका पर आत्ममंथन करना चाहिए।
फिलहाल, SIR और चुनाव आयोग को लेकर जारी विरोध प्रदर्शनों के बीच कांग्रेस और भाजपा के बीच आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं। जयराम रमेश ने विपक्ष की भूमिका का हवाला देकर राजनाथ सिंह के आरोपों का जवाब दिया है, जबकि रक्षा मंत्री ने प्रदर्शनों को राजनीतिक अस्थिरता से जोड़ने का दावा किया है।
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