
कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया इंटरव्यू को लेकर तीखी प्रतिक्रिया दी है। पार्टी ने कहा कि इस इंटरव्यू के माध्यम से प्रधानमंत्री ने अपनी छवि सुधारने की कोशिश की है। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि यह केवल पब्लिक रिलेशन और ‘इमेज मैनेजमेंट’ का प्रयास है, न कि देश के मुद्दों पर वास्तविक समाधान का संकेत।
विपक्ष का नजरिया और आलोचना
कांग्रेस ने बताया कि प्रधानमंत्री इस इंटरव्यू में केवल अपने कार्यों और उपलब्धियों पर फोकस कर रहे हैं, जबकि आम जनता के सामने कई गंभीर मुद्दे अनसुलझे बने हुए हैं। पार्टी के अनुसार, यह इंटरव्यू देश की नीतियों और अर्थव्यवस्था, बेरोजगारी, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे मुद्दों पर सही जानकारी देने की बजाय केवल छवि बनाने का माध्यम बन गया है।
राजनीतिक प्रतिक्रिया और बहस
इस बयान के बाद राजनीतिक हलकों में बहस तेज हो गई है। कांग्रेस नेताओं ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि प्रधानमंत्री झुके भी हैं और थके भी हैं, जो उनके नेतृत्व में हाल की चुनौतियों का संकेत देता है। विपक्ष का यह आरोप है कि इंटरव्यू का उद्देश्य जनता के सवालों से ध्यान हटाना और केवल पॉजिटिव इमेज पेश करना है।
आम जनता और मीडिया
इस तरह के इंटरव्यू आम जनता और मीडिया के लिए महत्वपूर्ण होते हैं क्योंकि यह सरकार की सोच और कार्यप्रणाली को समझने का मौका देता है। हालांकि, विपक्ष के अनुसार, अगर यह केवल छवि सुधारने के लिए किया गया हो, तो जनता के लिए यह पर्याप्त नहीं है। अब सवाल यह है कि सरकार इस आलोचना के जवाब में वास्तविक मुद्दों पर कितना फोकस करती है।
Written by : Anushka sagar

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