गोरखपुर, 14 अगस्त। गोरखनाथ मंदिर परिसर में नागपंचमी के पावन पर्व के उपलक्ष्य में वर्षों से होने वाली पारंपरिक कुश्ती प्रतियोगिता 16 और 17 अगस्त को होगी। गोरक्षपीठाधीश्वर एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मंशा के अनुरूप विगत कुछ साल से प्रदेश स्तरीय स्वरूप वाली हो चुकी इस कुश्ती प्रतियोगिता में इस बार तीनों खिताबों के विजेताओं को 1.01 लाख रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा।

प्रदेश शासन के खेल विभाग एवं जिला कुश्ती संघ की तरफ से आयोजित दो दिवसीय प्रदेश स्तरीय सीनियर प्राइजमनी पुरुष कुश्ती प्रतियोगिता के फाइनल मुकाबलों में पहलवानों के उत्साहवर्धन और विजेताओं को पुरस्कृत करने के लिए मुख्यमंत्री 17 अगस्त को स्वयं उपस्थित रहेंगे।

अंतरराष्ट्रीय पहलवान दिनेश सिंह के अनुसार

जिला कुश्ती संघ के अध्यक्ष अंतरराष्ट्रीय पहलवान दिनेश सिंह ने बताया कि नागपंचमी पर्व पर देशज खेलों की प्राचीन परंपरा रही है। गोरखनाथ मंदिर का भी इस परंपरा से गहरा जुड़ाव है। मंदिर में हर वर्ष इस पर्व पर कुश्ती प्रतियोगिता का आयोजन होता है। कुश्ती को बढ़ावा देने के लिए गोरक्षपीठाधीश्वर एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर बीते कुछ साल से प्रतियोगिता का स्वरूप विराट कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि प्रदेश स्तरीय सीनियर प्राइजमनी पुरुष कुश्ती प्रतियोगिता उत्तर प्रदेश केसरी, उत्तर प्रदेश कुमार व वीर अभिमन्यु तीन वर्गों में होगी।

325 पहलवान लेंगे भाग

प्रतियोगिता में प्रदेश के स्पोर्ट्स कॉलेजों, स्पोर्ट्स छात्रावासों, विभिन्न मंडलों और जिलों से करीब 325 पहलवान प्रतिभाग करेंगे। उत्तर प्रदेश केसरी, उत्तर प्रदेश कुमार और उत्तर प्रदेश वीर अभिमन्यु खिताब के विजेताओं (तीनों) को पुरस्कार के रूप में 1.01 लाख रुपये नकद व गदा, उप विजेताओं को 51 हजार रुपये और तीनों खिताबों में तीसरे स्थान पर रहने वाले दो-दो पहलवानों को 25-25 हजार रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा। इसके अलावा सभी पहलवानों को प्रत्येक कुश्ती बाउट पर 500-500 रुपये की धनराशि खेल विभाग की तरफ से दी जाएगी। कुश्ती प्रतियोगिता का उद्घाटन 16 अगस्त को दोपहर 12:30 बजे से होगा जबकि समापन व पुरस्कार वितरण का कार्यक्रम 17 अगस्त को दोपहर बाद 3 बजे होगा। समापन समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बतौर मुख्य अतिथि, खिलाड़ियों के उत्साहवर्धन व पुरस्कार वितरण के लिए उपस्थित रहेंगे।

 Written By: एम अतहर उद्दीन मुन्ने भारती

Edited By: Shivashakti Narayan SINGH