फ्रांस में बढ़ती महंगाई और रोजमर्रा की जरूरतों पर बढ़ते खर्च के खिलाफ लोगों का गुस्सा लगातार बढ़ रहा है। देश के कई शहरों में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। इस दौरान करीब 4 लाख 10 हजार लोग सड़कों पर उतर आए, जबकि लगभग 1,000 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। शनिवार, 24 अक्टूबर 2026 को पेरिस समेत कई शहरों में हालात तनावपूर्ण हो गए। प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े और वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। मार्सिले में कुछ लोगों ने बैरिकेड्स में आग लगा दी, जबकि बोर्डो में एक दुकान के साइनबोर्ड को उखाड़ दिया गया।
#WATCH | France | Protests Turn Violent as Demonstrators Clash with Riot Police in Paris; large numbers of people are protesting across France against the rising cost of living. (Source: Reuters) https://t.co/Mtj9w1EL1l
— ANI (@ANI) October 25, 2026
प्रशासन ने कही ये बात
हालांकि, प्रशासन का कहना है कि इस बार पुलिस बड़े पैमाने पर लूटपाट और आगजनी को रोकने में काफी हद तक सफल रही। गृह मंत्रालय के मुताबिक, कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए देशभर में करीब 70 हजार पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया था। कई शहरों में सुरक्षा को देखते हुए पाबंदियां भी लगाई गईं। इससे पहले हुए प्रदर्शनों में कई दुकानों को लूट लिया गया था और कुछ इमारतों में आग लगा दी गई थी।
मैक्रों ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की
प्रदर्शनों के बीच फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है, उन्होंने कहा कि लोगों को उन लोगों के बहकावे में नहीं आना चाहिए, जो समाज में फूट डालने की कोशिश कर रहे हैं। मैक्रों ने प्रदर्शनकारियों से आंदोलन खत्म करने की भी अपील की है। हालांकि, सरकार की अपील के बावजूद लोग अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं।
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आखिर क्यों हो रहा है फ्रांस में विरोध प्रदर्शन?
फ्रांस में इन प्रदर्शनों की मुख्य वजह महंगाई, रहने-खाने के बढ़ते खर्च और शिक्षा क्षेत्र में फंड की कमी बताई जा रही है। लोगों का कहना है कि रोजमर्रा की चीजों पर खर्च बढ़ने से उनके लिए घर चलाना मुश्किल होता जा रहा है। इसी को लेकर बड़ी संख्या में लोग सरकार के खिलाफ सड़कों पर उतर रहे हैं। शनिवार को पेरिस प्रशासन ने प्रदर्शन के लिए तय किए गए रास्ते को शहर के दक्षिण-पूर्वी इलाके तक सीमित रखा था। मार्च पोर्त द इटली से शुरू होकर पोर्त द विन्सेन्स तक पहुंचा। इस दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों ने प्लास द ला नासियों की तरफ जाने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उन्हें आगे बढ़ने से रोक दिया। फिलहाल, देश के कई हिस्सों में विरोध प्रदर्शन जारी हैं। सरकार लोगों से शांति बनाए रखने की अपील कर रही है, लेकिन महंगाई और बढ़ते खर्चों को लेकर लोगों की नाराजगी कम होती नजर नहीं आ रही है।