Pakistan LPG Crisis: पाकिस्तान की आवाम लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस (LPG) की कीमतों में भारी बढ़ोतरी से जूझ रहे हैं। खैबर पख्तूनख्वा (K-P) के कुछ हिस्सों में LPG की कीमत 750 रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंच गई है, और एक सिलेंडर की कीमत 10000 रुपये के पार चली गई है।
'द एक्सप्रेस ट्रिब्यून' की रिपोर्ट के अनुसार, कीमतों में इस उछाल ने बेतहाशा मुनाफाखोरी और आम लोगों के लिए किफायती ईंधन की आपूर्ति सुनिश्चित करने में सरकार की विफलता को लेकर चिंताएं बढ़ा दी हैं।
एलीपीजी की किल्लत के त्रस्त हुई आवाम
ट्रिब्यून' के मुताबिक, पिछले 5-6 दिनों में LPG की आपूर्ति घटने से संकट और गहरा गया है। बताया जा रहा है कि ईरान और अमेरिका के बीच तनाव के चलते ताफ्तान बॉर्डर बंद होने से ऐसा हुआ है। ऑयल एंड गैस रेगुलेटरी अथॉरिटी (OGRA) के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि पाकिस्तान अपनी LPG जरूरतों का लगभग 70 प्रतिशत आयात करता है,
जबकि बाकी 30 प्रतिशत की आपूर्ति घरेलू उत्पादन से होती है। मिडिल ईस्ट में जारी संकट के बाद से ही पाकिस्तान की टेंशन लगातार बढ़ती जा रही है।
पाकिस्तान की क्यों बढ़ी टेंशन
खबरों के अनुसार, अधिकारियों को डर है कि इन सख्त कदमों से हड़तालें हो सकती हैं, वितरण व्यवस्था बाधित हो सकती है और देश में ऊर्जा की कमी और भी गंभीर हो सकती है। OGRA के एक अधिकारी ने बताया कि अगर आपूर्ति में बाधाएं और बढ़ती हैं, तो प्रभावित बाजारों में कीमतें 700 रुपये प्रति किलोग्राम से भी ऊपर जा सकती हैं।
'द एक्सप्रेस ट्रिब्यून' के अनुसार, OGRA के एक प्रवक्ता ने माना कि ताफ्तान सीमा बंद होने से आपूर्ति को लेकर मुश्किलें पैदा हुई हैं, लेकिन उन्होंने कहा कि स्थिति को स्थिर करने के प्रयास किए जा रहे हैं। प्रवक्ता ने उम्मीद जताई कि इस संकट को जल्द ही काबू में कर लिया जाएगा।
पहले पेट्रोल-डीजल और अब पाकिस्तान की आवाम एलपीजी के लिए तरस रही है। आटे की कीमत के बाद अब गैस की कीमतों में जबरदस्त उलटफेर देखने को मिल रहा है।