
स्पेन ने फीफा विश्व कप 2026 के फाइनल में अर्जेंटीना को 1-0 से हराकर दूसरी बार विश्व चैंपियन बनने का गौरव हासिल किया। 2010 के बाद यह पहला अवसर है जब स्पेन ने विश्व कप ट्रॉफी अपने नाम की। बेहद रोमांचक मुकाबले में निर्धारित 90 मिनट तक दोनों टीमें गोल नहीं कर सकीं, जिसके बाद विजेता तय करने के लिए मैच अतिरिक्त समय में पहुंचा। आखिरकार 106वें मिनट में फेरान टोरेस ने निर्णायक गोल दागकर स्पेन को ऐतिहासिक जीत दिला दी।
स्पेन का प्रदर्शन रहा बेहद प्रभावशाली
पूरे मुकाबले में स्पेन का प्रदर्शन बेहद प्रभावशाली रहा। टीम ने शुरुआत से ही गेंद पर नियंत्रण बनाए रखा और लगातार अर्जेंटीना के गोल पर दबाव बनाया। स्पेन ने मैच के दौरान गोल करने के लगभग 20 अवसर तैयार किए, जबकि अर्जेंटीना सिर्फ दो बार ही खतरनाक हमला कर सकी। सबसे हैरानी की बात यह रही कि मौजूदा चैंपियन अर्जेंटीना पूरे मैच में स्पेन के गोलपोस्ट पर एक भी शॉट ऑन टारगेट नहीं लगा पाई।
पहला और दूसरा हाफ बिना किसी गोल के समाप्त
फाइनल का पहला और दूसरा हाफ बिना किसी गोल के समाप्त हुआ। इसके बाद खेले गए अतिरिक्त समय के शुरुआती 15 मिनट भी गोलरहित रहे। हालांकि, एक्स्ट्रा टाइम के दूसरे चरण की शुरुआत में ही फेरान टोरेस ने शानदार मूव को गोल में बदलते हुए स्पेन को 1-0 की बढ़त दिला दी। यह बढ़त मैच खत्म होने तक कायम रही और स्पेन ने खिताब अपने नाम कर लिया।
अर्जेंटीना नहीं कर पाया गोल
मुकाबले के अंतिम क्षणों में अर्जेंटीना के पास बराबरी करने का बेहतरीन अवसर आया था, लेकिन टीम उस मौके का फायदा नहीं उठा सकी। सिमोन के पास गोल करने का सुनहरा मौका था, मगर प्रयास सफल नहीं हुआ। इसके साथ ही अर्जेंटीना की वापसी की उम्मीद भी खत्म हो गई और स्पेन ने अपनी बढ़त सुरक्षित रखते हुए विश्व कप जीत लिया।
लियोनेल मेसी ने एक खास उपलब्धि की अपने नाम
इस फाइनल में अर्जेंटीना के कप्तान लियोनेल मेसी ने एक खास उपलब्धि भी अपने नाम की। वह अपनी राष्ट्रीय टीम की ओर से तीन अलग-अलग विश्व कप फाइनल खेलने वाले पहले कप्तान बने। हालांकि, गोल्डन बूट की दौड़ में बने रहने के लिए उन्हें इस मुकाबले में तीन गोल की जरूरत थी, लेकिन स्पेन की मजबूत रक्षापंक्ति के सामने न तो मेसी और न ही अर्जेंटीना का कोई अन्य खिलाड़ी गोल करने में सफल हो सका।
Written By Toshi Shah















